BY: Yoganand Shrivastva
भारतीय वायुसेना ने बुधवार की सुबह ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर और सीमावर्ती इलाकों में आतंकी ठिकानों पर जबरदस्त हमला किया। इस अभियान में SCALP क्रूज मिसाइल और HAMMER बम जैसे आधुनिक हथियारों का इस्तेमाल किया गया, जो दुश्मन के लिए विनाशकारी साबित हुए। आइए जानते हैं इन दोनों हथियारों की खासियत और इनकी अनुमानित लागत।
SCALP क्रूज मिसाइल: रडार से बचकर सटीक प्रहार
SCALP मिसाइल एक लंबी दूरी की क्रूज मिसाइल है जिसे फ्रांस से राफेल फाइटर जेट डील के तहत खरीदा गया था। यह मिसाइल करीब 500 किलोमीटर या उससे ज्यादा की दूरी तक मार कर सकती है। इसका वजन लगभग 1300 किलोग्राम होता है।
इस मिसाइल की खासियत यह है कि यह बेहद कम ऊंचाई पर उड़ते हुए रडार से बच जाती है और जीपीएस तथा इंफ्रारेड गाइडेंस के जरिए निशाने को बहुत ही सटीकता से भेदती है। यही वजह है कि यह खासकर उन ठिकानों पर इस्तेमाल की जाती है जहां नागरिकों को नुकसान पहुंचाए बिना केवल लक्ष्य को तबाह करना होता है। इसकी प्रति यूनिट लागत करीब ₹30 से ₹35 करोड़ आंकी गई है।
HAMMER बम: बंकर और सुरक्षित ठिकानों का दुश्मन
HAMMER (Highly Agile Modular Munition Extended Range) बम भी फ्रांसीसी तकनीक से बना हुआ एक प्रिसिशन-गाइडेड एयर-टू-ग्राउंड हथियार है। इसे राफेल या अन्य फाइटर जेट्स से दागा जाता है। यह GPS, इनर्शियल नेविगेशन और लेज़र गाइडेंस की मदद से अपने लक्ष्य पर बहुत ही सटीक तरीके से वार करता है।
HAMMER बम की मारक क्षमता करीब 60 से 70 किलोमीटर तक होती है और इसका वजन 125 किलोग्राम से 1000 किलोग्राम तक हो सकता है। इसे खासतौर पर भूमिगत बंकर, चलती गाड़ियाँ, मजबूत इमारतें और दुर्गम ठिकानों को नष्ट करने के लिए डिजाइन किया गया है। इसकी कीमत ₹3 से ₹5 करोड़ प्रति यूनिट के बीच होती है।
भारत की सैन्य शक्ति का संदेश
ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत ने जिस तरह आधुनिक हथियारों का इस्तेमाल किया, उससे यह स्पष्ट है कि अब किसी भी आतंकी हरकत का जवाब सिर्फ कड़ी नीतियों से नहीं, बल्कि सर्जिकल एक्शन और अत्याधुनिक हथियारों से दिया जाएगा। SCALP और HAMMER जैसे हथियार भारत की रणनीतिक ताकत और तकनीकी क्षमता का प्रमाण हैं।
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