BY: Yoganand Shrivastva
Rahul Gandhi मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विपक्ष द्वारा किए जा रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की विदेश यात्रा को लेकर विवाद गहरा गया है। जब केरल में संवाददाताओं ने कांग्रेस सांसद शशि थरूर से राहुल गांधी के विदेश दौरे को लेकर सवाल किया, तो उन्होंने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। थरूर ने स्पष्ट कहा कि वे “कोई ट्रैवल एजेंट नहीं हैं” और हर व्यक्ति की अपनी जिम्मेदारियां होती हैं, इसलिए इस विषय पर टिप्पणी करने का कोई औचित्य नहीं है।
बीजेपी का हमला: ‘विदेश जाकर रच रहे सत्ता परिवर्तन की साजिश’
Rahul Gandhi राहुल गांधी की चार दिवसीय वियतनाम यात्रा को लेकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने कांग्रेस पर जोरदार हमला बोला है। बीजेपी नेता संबित पात्रा और प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी दिल्ली में भ्रम फैलाने के बाद छुट्टियां मनाने चले गए हैं। पात्रा ने दावा किया कि राहुल गांधी विदेशी ताकतों और जॉर्ज सोरोस जैसे लोगों से भारत में ‘रिजिम चेंज’ (सत्ता परिवर्तन) और अराजकता फैलाने की तरकीबें सीखने विदेश गए हैं।
कांग्रेस की सफाई: राहुल गांधी की अपनी निजी और बौद्धिक जिम्मेदारियां
Rahul Gandhi बीजेपी के आरोपों का कड़ा जवाब देते हुए कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने राहुल गांधी का बचाव किया। उन्होंने कहा कि विपक्षी नेता होने के साथ-साथ राहुल गांधी की अपनी व्यक्तिगत और बौद्धिक जिम्मेदारियां भी हैं। दीक्षित ने तर्क दिया कि राहुल गांधी विदेशों में विश्वविद्यालयों के छात्रों, बुद्धिजीवियों और मीडिया से संवाद करते हैं—जो काम देश के प्रधानमंत्री तक नहीं करते। ऐसे में बीजेपी द्वारा उनकी यात्राओं पर सवाल उठाना पूरी तरह निराधार है।


