BY
Yoganand Shrivastava
Gujarat पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और हमलों के साये के बीच भारतीय ऊर्जा सुरक्षा के लिए राहत भरी खबर आई है। भारतीय झंडे वाला कच्चा तेल टैंकर ‘जग लाडकी’ बुधवार को गुजरात के मुंद्रा बंदरगाह पर सुरक्षित पहुँच गया है। यह जहाज लगभग 80,800 मीट्रिक टन ‘मुरबान’ कच्चा तेल लेकर आया है, जो देश की ईंधन जरूरतों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।

Gujarat फुजैराह हमले के दौरान बाल-बाल बचा जहाज
सरकारी अधिकारियों के अनुसार, 14 मार्च 2026 को जब ‘जग लाडकी’ संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के फुजैराह पोर्ट पर तेल लोड कर रहा था, उसी समय पोर्ट के तेल टर्मिनल पर हमला हुआ था। इस हमले के कारण वहां कामकाज बाधित हो गया था, लेकिन भारतीय जहाज और उसका चालक दल सुरक्षित बाहर निकलने में कामयाब रहा। रविवार सुबह यह जहाज फुजैराह से भारत के लिए रवाना हुआ था।

Gujarat ‘शिवालिक’ और ‘नंदा देवी’ के बाद तीसरी बड़ी सफलता
‘जग लाडकी’ भारत पहुँचने वाला तीसरा महत्वपूर्ण फ्यूल टैंकर है। इससे पहले ‘शिवालिक’ और ‘नंदा देवी’ नामक दो LPG कैरियर जहाज कुल 92,712 मीट्रिक टन गैस लेकर भारत पहुँच चुके हैं। गौरतलब है कि ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में भारतीय जहाजों को सुरक्षित रास्ता देने का भरोसा दिया है, जबकि अमेरिका और इजरायल के जहाजों के लिए यह मार्ग प्रतिबंधित है।

Gujarat वाडिनार और मुंद्रा में राहत कार्य तेज
दीनदयाल पोर्ट अथॉरिटी के चेयरमैन सुशील कुमार सिंह ने बताया कि गैस लेकर आए ‘नंदा देवी’ जहाज से LPG को छोटे जहाजों (डॉटर शिप) में ट्रांसफर करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह गैस ‘BW Birch’ नामक जहाज के जरिए तमिलनाडु के एन्नोर और पश्चिम बंगाल के हल्दिया बंदरगाहों तक भेजी जाएगी। कच्चे तेल और LPG की इन खेपों के पहुँचने से देश में ईंधन और रसोई गैस की आपूर्ति में सुधार होने की उम्मीद है।





