BY
Yoganand Shrivastava
Bengaluru बेंगलुरु में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही कार्रवाई के तहत लोकायुक्त पुलिस ने शिक्षा विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के खिलाफ बड़ा कदम उठाया है। आय से अधिक संपत्ति के आरोप में दर्ज मामले ने प्रशासनिक महकमे में हलचल पैदा कर दी है। छापेमारी के दौरान करोड़ों रुपये नकद मिलने से जांच और तेज हो गई है।
छह ठिकानों पर एक साथ छापेमारी
Bengaluru बेंगलुरु रूरल लोकायुक्त पुलिस स्टेशन में कर्नाटक रेजिडेंशियल एजुकेशनल इंस्टिट्यूशन्स एसोसिएशन (केआरईआईएस) के अधीक्षण अभियंता एच. एम. जनार्दन के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया है। आरोप है कि उन्होंने अपनी ज्ञात आय से कहीं अधिक संपत्ति अर्जित की है।
बुधवार को लोकायुक्त की अलग-अलग टीमों ने उनसे जुड़े छह स्थानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाया। दस्तावेजों और संपत्तियों की जांच जारी है, ताकि अवैध संपत्ति के स्रोतों का पता लगाया जा सके।
दोस्त के घर से 1.70 करोड़ रुपये नकद
Bengaluru कार्रवाई के दौरान सबसे बड़ा खुलासा तब हुआ जब अधिकारियों ने अभियंता के करीबी सहयोगी सुजय शेट्टी के घर पर छापा मारा। तलाशी में वहां से 1 करोड़ 70 लाख रुपये नकद बरामद किए गए।
जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इतनी बड़ी रकम किसकी है और उसका स्रोत क्या है। बरामद राशि को जब्त कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
एयरपोर्ट पर ड्रग्स तस्करी का खुलासा
Bengaluru इसी बीच बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर सीमा शुल्क विभाग ने मादक पदार्थों की तस्करी के दो मामलों का पर्दाफाश किया है। दोनों मामलों में बैंकॉक से आए यात्रियों को गिरफ्तार किया गया है।
पहले मामले में एक यात्री के सामान से 9.7 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया गया, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 3.39 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
दूसरे मामले में एक अन्य यात्री के पास से कैंडी के पैकेटों में छिपाकर लाई गई 1.7 किलोग्राम हशीश बरामद हुई, जिसकी कीमत करीब 4.25 लाख रुपये आंकी गई है। दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम, 1985 के तहत कार्रवाई की गई है।
फिलहाल दोनों मामलों में जांच जारी है और संबंधित एजेंसियां आगे की पूछताछ कर रही हैं।





