Report by: Prem Srivastava, Edit by: Priyanshi Soni
Chaibasa : झारखंड के चाईबासा से करीब 12 से 14 वर्ष पहले लापता हुआ एक बालक केरल के कन्नूर जिले में मिला है। अब वह लगभग 18 वर्ष का हो चुका है और अपने परिवार से दोबारा मिलने की आस लगाए हुए है। मामले की जानकारी सामने आने के बाद परिजनों की तलाश तेज कर दी गई है।
Chaibasa : धुंधली यादों के सहारे पहचान की कोशिश
युवक का नाम गोमा उर्फ राजा बताया जा रहा है। उसे अपने बचपन की कुछ ही बातें याद हैं। उसके अनुसार, वह झारखंड के चाईबासा का रहने वाला है। उसे इतना याद है कि उसका घर एक छोटे पहाड़ पर स्थित था और पहाड़ के नीचे एक स्कूल था, हालांकि स्कूल का नाम उसे याद नहीं है। युवक ने यह भी बताया कि चाईबासा रेलवे स्टेशन से बस या ऑटो से कुछ दूरी तय करने के बाद, एक साइकिल मरम्मत की दुकान के पास उतरकर थोड़ी दूर पैदल चलने पर उसका घर आता था।

Chaibasa : परिवार के सदस्यों के नाम भी बताए
युवक को अपने परिवार के कुछ नाम भी याद हैं। उसने पिता का नाम बोलराम, मां का नाम मणि और भाई का नाम फंटूस बताया है। इसके अलावा उसकी दो छोटी बहनों के नाम टरकी और तिर्की होने की बात कही है। इन जानकारियों के आधार पर परिवार की खोज की जा रही है।
Chaibasa : 2016 से चाइल्ड केयर इंस्टीट्यूशन में रह रहा था
सूत्रों के मुताबिक, वर्ष 2016 में युवक को केरल के त्रिशूर स्थित एक चाइल्ड केयर इंस्टीट्यूशन (CCI) में दाखिल कराया गया था। इससे पहले वह एक गैर-सरकारी संस्था (NGO) की देखरेख में रह रहा था। अनुमान है कि वह वर्ष 2013-14 के आसपास चाईबासा से लापता हुआ था।
Chaibasa : संस्था ने शुरू की परिजनों की तलाश
मामले की जानकारी मिलते ही “Missing and Found Children Network” के संस्थापक और उनकी टीम ने युवक के परिजनों की खोज शुरू कर दी है। संस्था ने झारखंड के लोगों से अपील की है कि यदि किसी को भी युवक या उसके परिवार के बारे में कोई जानकारी हो तो तुरंत संपर्क करें।
Chaibasa : संपर्क विवरण:
मोबाइल नंबर: 9446646304
संपर्क व्यक्ति: ओकेएम अशरफ
संस्था ने आम नागरिकों से इस खबर को अधिक से अधिक साझा करने की अपील की है, ताकि वर्षों से बिछड़ा यह बेटा अपने परिवार से मिल सके।
Read also: Sirmaur: निजी बस की मनमानी से बांदल अलग-थलग, एचआरटीसी बहाली की उठी मांग





