Vijay Nandan (वरिष्ठ पत्रकार और डिजिटल एडिटर)
Four Stars of Destiny Book : नई दिल्ली, पूर्व थल सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे की चर्चित किताब ‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’ को लेकर पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया ने स्पष्ट किया है कि यह पुस्तक अब तक प्रकाशित नहीं हुई है। कंपनी का कहना है कि किताब से जुड़े सभी प्रकाशन अधिकार उनके पास हैं और उनकी ओर से इसका कोई भी हिस्सा सार्वजनिक नहीं किया गया है।
दरअसल ये प्रतिक्रिया इस पूरे विवाद पर FIR होने के बाद पब्लिशिंग हाउस ने यह भी साफ किया कि न तो किताब की कोई छपी हुई प्रति बाजार में आई है और न ही आधिकारिक डिजिटल संस्करण उपलब्ध कराया गया है। कंपनी के मुताबिक, सोशल मीडिया या अन्य प्लेटफॉर्म पर जो भी सामग्री घूम रही है, वह उनकी ओर से जारी नहीं की गई है।

यह स्पष्टीकरण ऐसे समय आया है जब किताब की अनधिकृत कॉपियां लीक होने और ऑनलाइन प्रसारित होने के दावे सामने आए। इन्हीं दावों के आधार पर दिल्ली पुलिस ने इस मामले में एफआईआर दर्ज की है। पुलिस जांच कर रही है कि अप्रकाशित सामग्री सार्वजनिक कैसे हुई और इसके पीछे कौन जिम्मेदार है।
Four Stars of Destiny Book : राहुल गांधी का आरोप: सच कौन बोल रहा है?
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने इस मुद्दे को संसद परिसर में उठाते हुए कहा कि जनरल नरवणे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी किताब के उपलब्ध होने की जानकारी दी थी। राहुल गांधी के अनुसार, या तो पूर्व सेना प्रमुख गलत हैं या फिर पेंगुइन रैंडम हाउस। उन्होंने कहा कि उन्होंने सेना प्रमुख की बात पर भरोसा करना बेहतर समझा।

राहुल गांधी ने यह भी दावा किया कि किताब में कुछ ऐसे तथ्य हैं, जो मौजूदा सरकार के लिए असहज हो सकते हैं। इसी वजह से किताब को लेकर भ्रम और विरोधाभास पैदा हो रहा है।
Four Stars of Destiny Book : टाइपसेट PDF के ऑनलाइन मिलने की जांच
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, किताब के प्रकाशन के लिए अभी संबंधित विभागों से आवश्यक मंजूरी नहीं मिली है। जांच में यह सामने आया कि इसी शीर्षक वाली एक पीडीएफ कॉपी कुछ वेबसाइट्स पर उपलब्ध थी। आशंका है कि यह वही टाइपसेट कॉपी हो सकती है, जो प्रकाशन की प्रक्रिया के दौरान तैयार की गई थी।
कुछ ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर किताब का कवर इस तरह प्रदर्शित किया गया, मानो वह बिक्री के लिए उपलब्ध हो। इन्हीं तथ्यों को ध्यान में रखते हुए दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल मामले की जांच कर रही है।

Four Stars of Destiny Book : संसद में उठा विवाद, कार्यवाही स्थगित
फरवरी के पहले सप्ताह में राहुल गांधी ने लोकसभा में एक मैगजीन में छपे लेख को पढ़ने की कोशिश की थी, जिसमें नरवणे की किताब के अंश होने का दावा किया गया था। स्पीकर ओम बिरला ने इसकी अनुमति नहीं दी, जिसके बाद सदन में हंगामा हुआ और कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी। इस दौरान हंगामा करने वाले कुछ सांसदों को निलंबित भी किया गया।
इसके बाद राहुल गांधी किताब की एक कॉपी लेकर संसद पहुंचे और कहा कि अगर प्रधानमंत्री सदन में आएंगे तो वह यह किताब उन्हें सौंपेंगे।
Four Stars of Destiny Book : चीन विवाद और अग्निवीर योजना का उल्लेख
राहुल गांधी का कहना है कि इस अप्रकाशित पुस्तक में वर्ष 2020 के भारत-चीन सीमा विवाद और अग्निवीर योजना की समीक्षा शामिल है। उन्होंने एक पन्ना दिखाते हुए दावा किया कि उसमें प्रधानमंत्री द्वारा सेना प्रमुख से कहा गया था, कि जो उचित समझो, वही करो।
Four Stars of Destiny Book : पूर्व आर्मी चीफ जनरल एमएम नरवणे का पक्ष
जनरल नरवणे वर्ष 2019 से 2022 तक भारतीय सेना के प्रमुख रहे। उन्होंने एक साहित्यिक महोत्सव में बताया था कि किताब पेंगुइन समूह को सौंप दी गई है और वह रक्षा मंत्रालय की मंजूरी के लिए भेजी गई है। हालांकि, एक साल से अधिक समय बीत जाने के बावजूद अब तक इसे प्रकाशित करने की अनुमति नहीं मिल सकी है। अब सवाल ये भी है कि जब किताब प्रकाशित नहीं हुई तो राहुल गांधी के हाथ लगी किताब किसकी है, उन तक कैसे पहुंची, राहुल गांधी जिस ट्वीट का हवाला दे रहे हैं वो ट्विट किसका है? इस विवाद की परते खुलना अभी बाकी है।
पूर्व आर्मी चीफ नरवणे ने पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया का पक्ष रिट्वीट किया .
Amid row over the alleged circulation of his unpublished book, former Army chief General MM Naravane's (Retd) reposts Penguin India's statement – "This is the status of the book." pic.twitter.com/oTzaGYEOQa
— ANI (@ANI) February 10, 2026





