by: vijay nandan
अमेरिका – न्यूयॉर्क टाइम्स
अनुसार पुतिन की भारत यात्रा दुनिया को यह दिखाने का संदेश है कि रूस के पास अब भी मजबूत ग्लोबल पार्टनर मौजूद हैं।
अखबार ने जोर दिया कि मोदी द्वारा एयरपोर्ट रिसेप्शन दोनों नेताओं के निजी और रणनीतिक संबंधों की गहराई को दर्शाता है।

पाकिस्तान – द डॉन
द डॉन ने लिखा कि पुतिन के दौरे का फोकस रक्षा से ज्यादा व्यापार है, खासकर तेल और आर्थिक साझेदारी पर।
अखबार के अनुसार भारत अमेरिका को नाराज़ किए बिना रूस से संबंध मजबूत करना चाहता है, जो उसके लिए मुश्किल संतुलन है।

🇶🇦 कतर – अल जज़ीरा
अल जज़ीरा का कहना है कि मोदी और पुतिन का व्यक्तिगत रिश्ता इस यात्रा का सबसे बड़ा राजनीतिक संकेत है।
चैनल का मत है कि भारत रूस से तेल खरीद पर पश्चिमी दबाव के आगे झुकने वाला नहीं दिख रहा।

🇬🇧 ब्रिटेन – द गार्डियन
द गार्डियन लिखता है कि यह यात्रा दिखाती है कि भारत और रूस अमेरिका के दबाव से डरने वाले नहीं।
रिपोर्ट के मुताबिक रूस के लिए यह दौरा “वैश्विक अलगाव टूटने” का संकेत है, जबकि भारत के लिए यह रणनीतिक संतुलन की चुनौती है।

🇧🇩 बांग्लादेश – डेली स्टार
डेली स्टार ने मोदी के एयरपोर्ट रिसेप्शन को दोनों नेताओं की करीबी का प्रतीक बताया।
अखबार ने व्यापार लक्ष्य और अमेरिकी टैरिफ की वजह से आई चुनौतियों को यात्रा का सबसे महत्वपूर्ण पहलू कहा।






