Report by; Ajay Nigam
Nalkheda: आगर मालवा जिले के नलखेड़ा स्थित प्रसिद्ध मां बगलामुखी मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। मंदिर प्रबंधन समिति ने रात 8 बजे के बाद मंदिर परिसर के साथ-साथ परिसर के बाहर संचालित यज्ञशालाओं में भी हवन, यज्ञ और अन्य धार्मिक अनुष्ठानों पर रोक लगाने के निर्देश जारी किए हैं।
यह आदेश 20 सितंबर 2026 को मंदिर प्रबंधन समिति की ओर से जारी किया गया है। समिति ने पंडितों, यज्ञशाला संचालकों और श्रद्धालुओं से निर्धारित समय-सीमा का पालन करने की अपील की है।
Nalkheda: रात 8 बजे के बाद नहीं होगा हवन-यज्ञ
मां बगलामुखी मंदिर प्रबंधन समिति के आदेश के अनुसार, रात्रि 8 बजे के बाद मंदिर परिसर में किसी भी प्रकार का हवन, यज्ञ अथवा धार्मिक अनुष्ठान नहीं किया जा सकेगा। यही नियम मंदिर परिसर के बाहर स्थित यज्ञशालाओं पर भी लागू रहेगा।
यानी अब श्रद्धालुओं और यज्ञशाला संचालकों को अपने धार्मिक अनुष्ठान रात 8 बजे से पहले ही पूरे करने होंगे। समिति ने संबंधित पंडितों और यज्ञशाला संचालकों को भी इस व्यवस्था का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए हैं।
Nalkheda: आदेश का उल्लंघन करने पर होगी कार्रवाई
मंदिर प्रबंधन समिति ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित समय के बाद हवन, यज्ञ या अन्य धार्मिक अनुष्ठान किए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए पंडितगण, यज्ञशाला संचालक और श्रद्धालु सीधे तौर पर जिम्मेदार होंगे।
समिति का यह फैसला मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा और रात के समय होने वाली संभावित घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से लिया गया है।
Nalkheda: नाले में कार बहने के हादसे के बाद बढ़ी चिंता
मंदिर में रात के समय धार्मिक गतिविधियों को लेकर यह फैसला ऐसे समय में आया है, जब एक दिन पहले नाले में कार बहने से बड़ा हादसा हुआ था। हादसे में 8 श्रद्धालुओं की मौत की जानकारी सामने आई थी।
हादसे के बाद मंदिर क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासन और मंदिर प्रबंधन की चिंताएं बढ़ गई हैं। इसी के बाद रात के समय होने वाले हवन-यज्ञ और धार्मिक अनुष्ठानों की समय-सीमा तय करने का निर्णय लिया गया है।
Nalkheda: मंदिर और बाहर की यज्ञशालाओं पर लागू होगा आदेश
प्रबंधन समिति का आदेश सिर्फ मंदिर परिसर तक सीमित नहीं है, बल्कि मंदिर के बाहर संचालित यज्ञशालाओं को भी इसके दायरे में रखा गया है। समिति ने सभी संबंधित लोगों को आदेश का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
अब नलखेड़ा स्थित मां बगलामुखी मंदिर में रात 8 बजे के बाद हवन-यज्ञ या किसी भी तरह का धार्मिक अनुष्ठान नहीं किया जा सकेगा। सुरक्षा कारणों से लिए गए इस फैसले के बाद मंदिर परिसर में धार्मिक गतिविधियों के संचालन के लिए निर्धारित समय-सीमा का पालन अनिवार्य होगा।


