BY: Yoganand Shrivastva
इंदौर: आर्थिक अनियमितताओं और करोड़ों रुपए के फर्जीवाड़े के आरोप में भोपाल ईओडब्ल्यू ने इंदौर की एक फाउंडेशन सोसाइटी के खिलाफ कार्रवाई की है। सोसाइटी के खिलाफ पहले भी लोकायुक्त और ईओडब्ल्यू में शिकायतें दर्ज कराई गई थीं, जिनकी जांच के बाद अब एफआईआर दर्ज की गई है।
ईओडब्ल्यू टीआई राजकुमार यादव के अनुसार, अनिल संघवी (विजयनगर, इंदौर) की शिकायत के आधार पर कार्रवाई की गई। इसमें सोसाइटी के पदाधिकारी जय नारायण चौकसे, अनुपम चौकसे, धर्मेंद्र गुप्ता, श्वेता चौकसे, पूनम चौकसे, पूजा चौकसे, आशीष जायसवाल समेत अन्य के खिलाफ आर्थिक अपराध की धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई है।
ट्रस्ट बनाकर फर्जीवाड़े के आरोप
शिकायतकर्ता अनिल संघवी ने बताया कि आस्था फाउंडेशन फॉर सोसाइटी के पदाधिकारियों ने ट्रस्ट बनाकर फर्जीवाड़ा किया और निजी आर्थिक लाभ उठाया। सोसाइटी का गठन शैक्षणिक गतिविधियों, अस्पताल और अन्य सामाजिक सेवाओं के लिए किया गया था, लेकिन इसका दुरुपयोग किया गया।
21 दिन में 21 करोड़ का लोन
अनिल संघवी के आरोपों के मुताबिक, सोसाइटी ने SBI, ICICI, HDFC और UK बैंक से केवल 21 दिनों में 21 करोड़ रुपए से अधिक का लोन लिया। इसमें से LNT कॉलेज के लिए SBI से 12 करोड़ रुपए का लोन लिया गया। इन लेनदेन के लिए फर्जी खर्च के बिल बनाए गए।
परिवारजनों को लाभ, सोसाइटी को करोड़ों की हानि
सोसाइटी से जुड़ी अन्य इकाइयों जैसे मेसर्स कल्चुरी कॉन्ट्रैक्ट लिमिटेड और सेफ इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिंग कॉलेज में पदाधिकारियों ने अपने परिवार के सदस्यों को अनुचित लाभ पहुंचाया। इस कारण सोसाइटी को लगभग 8.22 करोड़ रुपए की हानि हुई। इसके अलावा कई संस्थानों में वित्तीय अनियमितताएं भी सामने आई हैं।
डॉ. रमेश बदलानी द्वारा भी करोड़ों रुपए के खर्चों को अन्य मदों में दिखाने की जानकारी मिली।
आगे की कार्रवाई
इन सभी मामलों की विस्तृत जांच के बाद ईओडब्ल्यू ने सोसाइटी के पदाधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी है और आगे की कार्रवाई जारी है।




