BY
Yoganand Shrivastava
सोशल मीडिया पर उस वक्त विवाद खड़ा हो गया, जब यूट्यूबर ध्रुव राठी के एक वीडियो के थंबनेल में अभिनेत्री जाह्नवी कपूर की पहले और बाद की तस्वीरें दिखाई गईं। यह वीडियो ‘नकली सुंदरता’ विषय पर आधारित था, लेकिन थंबनेल को लेकर लोगों ने अलग-अलग कयास लगाने शुरू कर दिए।
बांग्लादेशी हिंदुओं से जोड़ा गया मामला
विवाद तब और गहरा गया, जब सोशल मीडिया पर यह दावा वायरल हुआ कि यह वीडियो जाह्नवी कपूर द्वारा बांग्लादेशी हिंदुओं के समर्थन में की गई पोस्ट के जवाब में बनाया गया है। कई यूजर्स ने बिना तथ्य जांचे इस बात को सच मान लिया।
वायरल पोस्ट ने बढ़ाई गलतफहमी
एक वायरल पोस्ट में लिखा गया कि जाह्नवी कपूर ने बांग्लादेशी हिंदुओं के पक्ष में आवाज उठाई और इसके बाद ध्रुव राठी ने उनकी सुंदरता पर सवाल उठाने वाला वीडियो बना दिया। इसी पोस्ट ने सोशल मीडिया पर नाराजगी और बहस को हवा दी।
ध्रुव राठी ने वीडियो जारी कर दी सफाई
बढ़ते विवाद के बीच ध्रुव राठी ने एक अलग वीडियो जारी कर इन आरोपों को भ्रामक बताया। उन्होंने कहा कि लोग बिना सोचे-समझे सोशल मीडिया पोस्ट पर भरोसा कर रहे हैं।
दिमाग का इस्तेमाल करने’ की अपील
राठी ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि लोगों को बिना तर्क के किसी भी पोस्ट पर विश्वास नहीं करना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि जिस दिन जाह्नवी कपूर ने वह पोस्ट डाली, उसी दिन आधे घंटे का वीडियो बनना कैसे संभव है।
बांग्लादेश मुद्दे पर अपना पक्ष रखा
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वह खुद पहले बांग्लादेशी हिंदुओं के समर्थन में कंटेंट बना चुके हैं, ऐसे में इस मुद्दे पर जाह्नवी कपूर की आलोचना करने का सवाल ही नहीं उठता।
‘नकली सुंदरता’ वीडियो का असली मकसद
ध्रुव राठी ने साफ कहा कि उनका वीडियो पूरी तरह प्लास्टिक सर्जरी और उसके सामाजिक प्रभाव पर केंद्रित है। इस वीडियो में किसी एक व्यक्ति या अभिनेत्री को निशाना नहीं बनाया गया है।
जाह्नवी कपूर पर सीधे सवाल नहीं
राठी के मुताबिक, पूरे वीडियो में उन्होंने जाह्नवी कपूर से कोई सवाल नहीं किया और न ही उनकी किसी सामाजिक या राजनीतिक सोच पर टिप्पणी की।
गलत धारणाओं से फैला विवाद
कुल मिलाकर यह विवाद सोशल मीडिया पर फैली अधूरी जानकारी और अनुमान के कारण सामने आया, जिसे बाद में स्पष्टीकरण के जरिए शांत करने की कोशिश की गई।





