Report: Arvind Chouhan
Gwalior ग्वालियर में ईमानदारी की एक ऐसी मिसाल सामने आई है, जिसने मानवता पर विश्वास और गहरा कर दिया है। एक बुजुर्ग ऑटो चालक ने लाखों रुपये की कीमत के सोने-चांदी के जेवरात से भरा बैग उसके असली मालिक तक पहुँचाकर समाज के सामने एक बेहतरीन उदाहरण पेश किया है।
Gwalior सफर के दौरान भूल गए थे कीमती सामान
घटना मुरार क्षेत्र के बड़ागांव खुरैरी निवासी देवेंद्र पवैया के साथ हुई। देवेंद्र अपने परिवार के साथ नरवर जाने के लिए घर से निकले थे। उन्होंने बस स्टैंड तक जाने के लिए एक ऑटो किराए पर लिया। झांसी रोड स्थित बस स्टैंड पर उतरने के कुछ समय बाद उन्हें एहसास हुआ कि वे अपना एक मुख्य बैग ऑटो में ही भूल गए हैं। इस बैग में लाखों रुपये के सोने और चांदी के आभूषण रखे हुए थे। घबराए हुए देवेंद्र वापस घर तक गए और रास्ते में खोजबीन की, लेकिन सफलता न मिलने पर उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी।

Gwalior CCTV फुटेज और पुलिस की तत्परता
झांसी रोड पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत कार्रवाई शुरू की। पुलिस की टीम ने बस स्टैंड और उसके आसपास लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों को खंगाला। फुटेज की मदद से उस ऑटो की पहचान की गई जिसमें परिवार ने सफर किया था। नंबर प्लेट के आधार पर पुलिस ने ऑटो चालक का पता लगाया और उनसे संपर्क साधा।
Gwalior बुजुर्ग चालक राजू गिरी की ईमानदारी की मिसाल
जब पुलिस ने बुजुर्ग ऑटो चालक राजू गिरी से बैग के बारे में पूछा, तो उन्होंने बिना किसी देरी के स्वीकार किया कि बैग उनके ऑटो में ही छूटा हुआ है। राजू गिरी तुरंत झांसी रोड थाने पहुँचे और गहनों से भरा बैग पुलिस के सुपुर्द कर दिया। पुलिस ने जब बैग देवेंद्र पवैया को सौंपा, तो उनके चेहरे पर खोई हुई खुशी लौट आई। पुलिस प्रशासन ने राजू गिरी की इस निष्काम ईमानदारी की सराहना की और उन्हें अन्य लोगों के लिए प्रेरणा बताते हुए प्रोत्साहित किया।
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