देहरादूनः ह्यूमन मेटान्यूमो वायरस को लेकर भारत के अलग-अलग राज्यों में सतर्कता बरतनी शुरू कर दी है। बता दें कि चीन के बाद अब यह वायरस भारत में इंटर हो चुका है। और देश में कई मरीज भी सामने आ चुके है। जिसको लेकर प्रदेशों ने अपने स्तर पर सतर्कता बरतनी शुरू कर दी है। वहीं हिमाचल प्रदेश ने तो आरटीपीसीआर टेस्ट भी शुरू कर दिए है और बाहर से आने वाले लोगों पर नजर रखना भी शुरू कर दिया है। बता दें कि 5 साल पहले चीन से आए कोरोना वायरस ने काफी तबाही मचाई थी जिसको लेकर अब सरकार कोई भी रिक्स लेने के मूड में नहीं है।
बाहरी राज्यों से हिमाचल आने वाले लोगों पर भी नजर रखने के निर्देश
स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल प्रशासन को इन्फ्लूएंजा और गंभीर तीव्र श्वसन के संबंधित रोगियों की निगरानी रखने को कहा है। बाहरी राज्यों से हिमाचल आने वाले लोगों पर भी नजर रखने के निर्देश दिए हैं। अस्पतालों में ऐसे रोगियों के लिए अलग वार्ड की व्यवस्था करने को कहा है। हालांकि, स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि यह एक सामान्य वायरस है, जिससे घबराने की आवश्यकता नहीं है। इस वायरस से इंफेक्शन देश में पहले भी होते रहे हैं। स्वास्थ्य सचिव एम सुधा ने मंगलवार को सभी मेडिकल कॉलेजों के प्राचार्यों, जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों और चिकित्सा अधीक्षकों के साथ वर्चुअल बैठक की। स्वास्थ्य सचिव ने इन्फ्लूएंजा और गंभीर तीव्र श्वसन के संबंधित रोगियों पर नजर रखने को कहा है।
यह सामान्य वायरस, घबराने की जरूरत नहीं स्वास्थ्य विभाग
इससे पहले केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव की अध्यक्षता में सभी राज्यों व केंद्रशासित राज्यों के स्वास्थ्य सचिवों के साथ बैठक आयोजित की गई। केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने बताया कि यह एक सामान्य वायरस हैए जो ज्यादातर बच्चोंए व्यस्कों और कमजोर प्रतिरक्षा क्षमता वाले लोगों में फैलता है। केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने कहा है कि यह एक सामान्य वायरस हैए जिससे घबराने की जरूरत नहीं है। इसके मुख्य लक्षण खांसी, बुखार, नाक बंद होनाए गंभीर मामलों में सांस का फूलना इत्यादि है। इससे ब्रोंकाइटिस और निमोनिया भी हो सकता है। यह वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में खांसने, छींकने व हाथ मिलाने आदि से फैलता हैं। उपरोक्त लक्षण होने पर नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच करवाने की सलाह दी गई है। स्वास्थ्य विभाग ने यह निर्देश भी दिए हैं कि जिन बच्चों को बुखार, खांसी के लक्षण हैंए उन बच्चों और उनके परिवार वाले मास्क जरूर पहनें।




