🚨 रेल यात्रियों पर खतरा: आगरा-मथुरा रूट पर एक ही रात में तीन ट्रेनें बनीं निशाना
उत्तर प्रदेश के आगरा-मथुरा रेलवे रूट पर 30 मई की रात तीन ट्रेनों पर पत्थरबाज़ी की घटनाएं सामने आईं। इन हमलों में दो यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए और एक का मोबाइल फोन लूट लिया गया। शुरुआती जांच से साफ है कि यह सब मोबाइल लूट की साजिश थी।
रेलवे और पुलिस प्रशासन अब सतर्क हो गया है और पूरे ट्रैक पर निगरानी बढ़ा दी गई है।
📍 घटनाओं की पूरी टाइमलाइन: कब और कहां हुआ हमला?
1️⃣ दुरंतो एक्सप्रेस (22210) पर हमला
- समय: रात 12 बजे
- स्थान: मथुरा जंक्शन के पास
- नुकसान: ब्रेक वैन का शीशा टूटा, कोई घायल नहीं
2️⃣ कोटा-पटना एक्सप्रेस (13240)
- समय: रात 2:30 बजे
- घायल: दिनेश (आगरा निवासी) – सिर में गहरी चोट
- स्थिति: अस्पताल में भर्ती
3️⃣ श्रीगंगानगर-हज़ूर साहिब नांदेड़ सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12486)
- घायल: रवि अहिरवार – आंख के ऊपर चोट
- मोबाइल: हमलावरों ने लूट लिया
🎯 हमलों के पीछे का मकसद: मोबाइल लूट की साजिश
पुलिस जांच में सामने आया कि हमलावर ट्रेन के दरवाज़े के पास खड़े यात्रियों को निशाना बनाते थे।
अपराध की प्रक्रिया थी:
- यात्री को पत्थर मारना
- मोबाइल गिरने पर उसे उठाकर फरार हो जाना
ये वारदातें पहले से तय योजना के तहत अंजाम दी गईं, ताकि यात्रियों की प्रतिक्रिया तक समय मिले और हमलावर भाग सकें।
👮♂️ गिरफ्तारी और पूछताछ: दो आरोपी पुलिस की गिरफ्त में
रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और जीआरपी की संयुक्त कार्रवाई में दो आरोपियों को पकड़ा गया, जिनमें से एक नाबालिग है।
आरोपी:
- जय पुत्र मुन्ना (बन्ना देवी थाना क्षेत्र, अलीगढ़)
- एक नाबालिग किशोर
- बरामदगी: चोरी हुआ मोबाइल बरामद
- तीसरा साथी: फरार, तलाश जारी
🔐 रेलवे ने बढ़ाई सुरक्षा: यात्रियों को किया जा रहा है जागरूक
रेलवे प्रशासन और स्थानीय पुलिस ने घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए निम्नलिखित कदम उठाए हैं:
- रेलवे ट्रैक और स्टेशनों पर गश्त बढ़ा दी गई है
- संदिग्ध गांवों में तलाशी अभियान चलाया जा रहा है
- स्थानीय स्तर पर जागरूकता चौपाल का आयोजन किया जा रहा है
- ट्रेन में बिना टिकट या संदिग्ध यात्रियों की जांच
जीआरपी एसपी अभिषेक वर्मा के मुताबिक,
“यह न सिर्फ यात्रियों की जान को खतरे में डालता है, बल्कि रेलवे की संपत्ति को भी नुकसान पहुंचाता है। अपराधियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।”
📢 यात्रियों के लिए सुझाव: कैसे रखें खुद को सुरक्षित
अगर आप आगरा-मथुरा रूट पर या किसी भी रेलवे ट्रैक पर सफर कर रहे हैं, तो इन सावधानियों को ज़रूर अपनाएं:
- दरवाज़े के पास खड़े न हों
- मोबाइल फोन का अधिक उपयोग रात के समय न करें
- संभावित खतरे की स्थिति में तुरंत 182 (रेलवे हेल्पलाइन) पर संपर्क करें
- आरपीएफ और जीआरपी से किसी भी संदिग्ध को तुरंत रिपोर्ट करें
🔍 इस तरह की घटनाओं पर कैसे काबू पाया जाए?
रेलवे सुरक्षा को लेकर बार-बार उठ रहे सवालों के बीच यह घटना फिर दिखाती है कि स्थानीय अपराधियों की निगरानी और सामुदायिक भागीदारी बेहद जरूरी है।
सिर्फ पुलिस और आरपीएफ की नहीं, यात्रियों की जागरूकता भी इस चुनौती से निपटने में अहम भूमिका निभा सकती है।
📌 निष्कर्ष: सख्त कदमों की ज़रूरत
तीन ट्रेनों पर एक ही रात में हमला यह दर्शाता है कि रेलवे सुरक्षा में खामियों को दूर करना समय की मांग है।
शुक्र है कि RPF और GRP की त्वरित कार्रवाई से आरोपी पकड़े गए, लेकिन इससे यह साफ हो गया कि अपराधी अब नए तरीके अपना रहे हैं।
जरूरत है कि यात्रियों और प्रशासन, दोनों को मिलकर इस चुनौती का सामना करना होगा।





