रिपोर्ट:: महेश पंवार
उत्तर प्रदेश: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जीवन पर आधारित फिल्म अजेय: दी अनटोल्ड ऑफ ए योगी आज ऋषिकेश में प्रदर्शित की गई। इस विशेष स्क्रीनिंग में ऋषिकेश और आसपास के इलाके के कई आश्रमों से सैकड़ों संत-महात्मा और नागरिक सिनेमाघर पहुंचे। परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद मुनि महाराज, विधायक प्रेमचंद अग्रवाल, पूर्व मेयर अनीता ममगाई और इस फिल्म के मुख्य प्रेरणा स्रोत शांतनु गुप्ता ने दीप प्रज्वलित कर शो का शुभारंभ किया।
फिल्म का प्रेरक स्रोत शांतनु गुप्ता की लिखी गई किताब The Monk Who Became Chief Minister रही है, जो योगी आदित्यनाथ के एक साधारण युवक से राजनीति में मुख्यमंत्री बनने तक के सफर को दर्शाती है। फिल्म में उनके व्यक्तिगत संघर्ष, साधना और राजनीतिक उत्थान को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया है।
स्क्रीनिंग के दौरान साधु-संतों ने इस सफर को गहराई से सराहा और कई बार जय श्री राम के उद्घोष से सिनेमाघर गुंजायमान रहा। दर्शकों ने फिल्म को न केवल मनोरंजन बल्कि प्रेरणा का स्रोत बताते हुए मुख्यमंत्री के जीवन से सीख लेने की बात कही। इस आयोजन से यह स्पष्ट हुआ कि योगी आदित्यनाथ का जीवन और संघर्ष न केवल राजनीतिक बल्कि सामाजिक और आध्यात्मिक दृष्टि से भी लोगों के लिए प्रेरक है।
फिल्म की प्रदर्शनी ने स्थानीय नागरिकों और संत-महात्माओं को एक मंच पर ला कर उनकी भागीदारी और सम्मान को बढ़ाया, साथ ही युवा पीढ़ी के लिए भी प्रेरणा का संदेश दिया कि कैसे साधना, अनुशासन और दृढ़ निश्चय से कोई व्यक्ति सामान्य जीवन से असाधारण ऊंचाइयों तक पहुँच सकता है।





