BY: Yoganand Shrivastva
एशिया के कई देशों में ट्रॉपिकल स्टॉर्म तपाह ने तबाही मचा दी है। दक्षिणी चीन और हांगकांग में तेज हवाओं और भारी बारिश का सिलसिला जारी है। वहीं थाईलैंड और वियतनाम में भी मानसून की गतिविधियां तेज हो गई हैं। हालांकि, मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि भारत में इस तूफान का सीधा असर नहीं पड़ेगा, लेकिन इसके अप्रत्यक्ष प्रभाव से पूर्वोत्तर राज्यों में बारिश की संभावना बढ़ सकती है।
चीन में तपाह का तांडव
तपाह फिलहाल चीन के ग्वांगडोंग, गुआंग्शी और दक्षिण युन्नान प्रांतों में सक्रिय है। तेज हवाएं और भारी बारिश से इन इलाकों में जनजीवन प्रभावित है। मौसम विभाग का अनुमान है कि यह तूफान उत्तर-पश्चिम की दिशा में आगे बढ़ेगा और धीरे-धीरे कमजोर पड़ जाएगा। भारत की ओर इसके बढ़ने की कोई संभावना नहीं है।
थाईलैंड और वियतनाम में भारी बारिश का अलर्ट
थाईलैंड के मौसम विभाग के मुताबिक, तपाह ने दक्षिण-पश्चिम मानसून को और ज्यादा मजबूत कर दिया है। इसके चलते देश के पश्चिमी और दक्षिणी हिस्सों में बारिश तेज हो गई है।
वियतनाम के उत्तरी पहाड़ी इलाकों—हा गियांग, काओ बांग और लैंग सोन—में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
भारत के पूर्वोत्तर राज्यों में अप्रत्यक्ष असर
भारत के असम और अरुणाचल प्रदेश जैसे पूर्वोत्तर राज्यों की भौगोलिक स्थिति इन क्षेत्रों के पास है। ऐसे में वहां हवा में नमी बढ़ सकती है और बारिश में इजाफा हो सकता है। हालांकि, इसका असर सीमित रहने की उम्मीद है।
भारत में मौसम पहले से बिगड़ा हुआ
भारत में कई राज्यों में पहले ही सामान्य से अधिक बारिश हो चुकी है। जलवायु परिवर्तन के कारण जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड जैसे राज्यों में बाढ़ और भूस्खलन की स्थितियां बनी हुई हैं। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि तपाह से जुड़ी नमी भारतीय मौसम को और प्रभावित कर सकती है।





