बिहार में BSP की बड़ी एंट्री: दलित वोटों पर दावेदारी से तेजस्वी का सीएम बनने का सपना अधूरा?

- Advertisement -
Swadesh NewsAd image

BY: Yoganand Shrivastva

नई दिल्ली, बिहार की सियासत में अचानक ऐसा घटनाक्रम हुआ है जिसने न सिर्फ सत्तारूढ़ गठबंधनों को चौंकाया है, बल्कि विपक्षी दलों की नींद भी उड़ा दी है। बहुजन समाज पार्टी (BSP) के एक निर्णायक कदम ने बिहार की चुनावी गणित को पलटने की दिशा में बड़ा संकेत दिया है।

अब सवाल यह है—क्या तेजस्वी यादव का मुख्यमंत्री बनने का सपना खतरे में पड़ गया है? क्या जिस वोट बैंक पर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) को सबसे अधिक भरोसा था, वहीं अब दरकने लगा है? और क्या एक नया चेहरा बिहार की दलित राजनीति में ऐसा तूफान ला सकता है जो दशकों पुराने समीकरणों को ध्वस्त कर दे?

कहानी की शुरुआत पटना से

पटना के कृष्ण मेमोरियल हॉल में छत्रपति शाहूजी महाराज की जयंती पर BSP ने एक बड़े कार्यक्रम का आयोजन किया, जिसमें पार्टी के राष्ट्रीय समन्वयक आकाश आनंद ने ना सिर्फ दमदार भाषण दिया, बल्कि एक बड़ा ऐलान भी कर डाला—

“BSP बिहार की सभी 243 विधानसभा सीटों पर अकेले चुनाव लड़ेगी, और किसी भी पार्टी से गठबंधन नहीं करेगी।”

यह घोषणा जितनी सधी हुई थी, उतनी ही जोरदार उसकी राजनीतिक गूंज थी। खासतौर पर उन दलों के लिए जो अब तक बिहार में दलित वोट बैंक को अपने साथ मानते आए हैं, जैसे RJD।

दलित वोट बैंक का महत्व

बिहार की आबादी में दलित समुदाय की हिस्सेदारी लगभग 16% है। यह आंकड़ा किसी भी चुनाव को निर्णायक रूप से प्रभावित कर सकता है। खास बात यह है कि अगर ये वोट एकमुश्त किसी पार्टी की ओर मुड़ जाएं, तो सरकार बनाने का गणित पूरी तरह बदल सकता है।

अब तक देखा गया है कि RJD का MY समीकरण (मुस्लिम-यादव) मजबूत रहा है, और उसमें दलितों का एक हिस्सा भी साइलेंट सपोर्ट के रूप में जुड़ता रहा है। लेकिन यह समर्थन कभी पूरी तरह से स्थायी या समर्पित नहीं रहा।

इस वर्ग के भीतर पासवान, धोबी, मुसहर जैसी जातियों का खास महत्व है। इनमें से कुछ पर लोजपा के चिराग पासवान, हम पार्टी के जीतन राम मांझी और अन्य दलों का भी प्रभाव देखा जाता रहा है।

BSP की रणनीति और आक्रामक तेवर

आकाश आनंद का यह कहना कि –

“बहुजन समाज अब किसी और की बैसाखी पर नहीं चलेगा, बल्कि खुद नेतृत्व करेगा”
– साफ संकेत देता है कि BSP इस बार केवल उपस्थिति दर्ज नहीं कराना चाहती, बल्कि निर्णायक भूमिका में आना चाहती है।

यह बयान न केवल RJD के लिए एक सीधा संदेश है, बल्कि NDA के लिए एक अप्रत्याशित अवसर भी बन सकता है, क्योंकि दलित वोटों का बिखराव महागठबंधन को कमजोर कर सकता है।

क्या टूट जाएगा तेजस्वी का सपना?

RJD के लिए सबसे बड़ा संकट यह है कि यदि दलित मतदाता BSP की ओर झुकते हैं, तो तेजस्वी यादव के मुख्यमंत्री बनने की संभावनाएं कमजोर हो सकती हैं।
MY समीकरण में ‘D’ (दलित) का जुड़ाव कभी स्थायी नहीं रहा, लेकिन अगर अब वो पूरी तरह से हट गया, तो विपक्ष के वोटों का बिखराव तय है।

दूसरी ओर, आकाश आनंद की आक्रामकता और BSP की पूरी ताकत से मैदान में उतरने की घोषणा ने यह स्पष्ट कर दिया है कि पार्टी अब सिर्फ उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि बिहार जैसे निर्णायक राज्यों में भी अपने लिए जमीन तलाश रही है।

- Advertisement -
Ad imageAd image

मध्यप्रदेश में अगले 4 दिन आंधी-बारिश का अलर्ट, कई जिलों में बदलेगा मौसम

भोपाल | स्वदेश न्यूज़ | 15 मार्च 2026मध्यप्रदेश में मौसम एक बार

15 मार्च 2026 का राशिफल

♈ मेष (Aries):आज का दिन उत्साह से भरा रहेगा। कार्यक्षेत्र में नए

Madhya Pradesh वन नेशन, वन हेल्पलाइन’ पहल को मध्यप्रदेश में मिली मजबूती

Madhya Pradesh मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार ने महिलाओं और बच्चों की

Ambikapur में ई-रिक्शा गोदाम में भीषण आग, लाखों का सामान जलकर खाक

Report by: Dinesh Gupta Ambikapur: अंबिकापुर शहर में एक ई-रिक्शा गोदाम में

Bhagalpur व्यवहार न्यायालय में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन

Report by: Sanjeev Kumar Bhagalpur: भागलपुर व्यवहार न्यायालय परिसर में जिला विधिक

Raipur में कैश कलेक्शन एजेंट संदिग्ध रूप से लापता, 10 लाख रुपये लेकर फरार होने का आरोप

Raipur: राजधानी रायपुर में कैश कलेक्शन के लिए निकला एक एजेंट संदिग्ध

Khairagarh: टायर फटने से केले से भरी माजदा अनियंत्रित, सड़क पर बिखरा माल

Report by: Khilesh Verma Khairagarh: छत्तीसगढ़ के खैरागढ़ क्षेत्र में शनिवार को

Singrauli: पावर प्लांट में मजदूर की मौत के बाद हंगामा, तोड़फोड़ और आग लगाने की कोशिश

Singrauli: सिंगरौली जिले के माडा थाना क्षेत्र के बधौरा स्थित एक निजी

Shivpuri: सोशल मीडिया पर शिक्षक ने प्रधानमंत्री के भाषण का बनाया नकल वीडियो, निलंबित

Shivpuri: मध्यप्रदेश के शिवपुरी जिले के पोहरी विकासखंड में एक प्राथमिक शिक्षक

Bhopal: हिन्दू नववर्ष पर 25वां “कर्मश्री” कवि सम्मेलन, मुख्यमंत्री डॉ. यादव करेंगे शुभारंभ

Bhopal: हिन्दू नववर्ष के अवसर पर आयोजित होने वाले "कर्मश्री" कवि सम्मेलन