बेमेतरा। जिले के नवागढ़ क्षेत्र के ग्राम बेलटुकरी से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां शासकीय स्कूल को यज्ञ करने वालों के लिए खाली करवा दिया गया, जिससे स्कूली बच्चों को पंचायत भवन में परीक्षा देने के लिए मजबूर होना पड़ा।
बच्चों को करनी पड़ी भारी परेशानी ग्राम पंचायत भवन में परीक्षा देने पहुंचे छात्र-छात्राओं को बेहद कठिन परिस्थितियों में परीक्षा देनी पड़ी। मिडिल स्कूल के 40 से अधिक बच्चों को एक कमरे में बैठाया गया। प्राथमिक स्कूल के 60 बच्चों को पंचायत भवन के बाहर टाटपट्टी बिछाकर परीक्षा देने को मजबूर किया गया।

इस अव्यवस्था के चलते छात्रों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। जहां परीक्षा के लिए शांत वातावरण होना चाहिए, वहां उन्हें खुले स्थान में परीक्षा देनी पड़ी।
स्कूल प्रधान पाठक का गैर-जिम्मेदाराना बयान इस मामले में जब स्कूल प्रधान पाठक से पूछा गया तो उन्होंने इसे गंभीरता से लेने के बजाय यह कहकर पल्ला झाड़ लिया कि पालक समिति की अनुमति के बाद ही स्कूल को यज्ञ के लिए खाली किया गया।
अब जिला शिक्षा अधिकारी की कार्रवाई पर टिकी नजरें इस पूरे मामले को लेकर अब जिला शिक्षा अधिकारी की कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। क्या इस लापरवाही के लिए दोषियों पर कोई ठोस कदम उठाया जाएगा या फिर यह मामला यूं ही दबकर रह जाएगा? यह देखने वाली बात होगी।
इस घटना से ग्रामीणों और अभिभावकों में भी रोष है, क्योंकि शिक्षा को प्राथमिकता देने के बजाय धार्मिक आयोजन के लिए स्कूल को खाली करना बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने जैसा है।





