BY: Yoganand Shrivastva
BJP Protest March कांग्रेस नेता राहुल गांधी की रैली के बाद भाजपा ने भी देश के कई शहरों में मार्च और पदयात्राओं का आयोजन किया। सोमवार को ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत दिल्ली से लेकर हैदराबाद, कोलकाता, मुंबई और रांची तक भाजपा के नेता और कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हैदराबाद में पदयात्रा निकाली, जबकि भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने कोलकाता में मार्च का नेतृत्व किया।
भाग्य लक्ष्मी मंदिर में पूजा के बाद अमित शाह ने निकाली पदयात्रा
BJP Protest March अमित शाह सोमवार को हैदराबाद पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले भाग्य लक्ष्मी मंदिर में पूजा-अर्चना की। इसके बाद निजाम कॉलेज पहुंचकर पदयात्रा शुरू की। यह मार्च कॉलेज परिसर में बाबू जगजीवन राम की प्रतिमा से मोजमजाही चौराहे तक निकाला गया। पदयात्रा के बाद अमित शाह ने जनसभा को संबोधित किया।
उन्होंने कहा कि यदि सरदार वल्लभभाई पटेल ने हैदराबाद के निजाम को नहीं झुकाया होता, तो हैदराबाद भारत का हिस्सा नहीं होता। शाह ने कहा कि सरदार पटेल ने हैदराबाद को भारत में शामिल कराया।
कोलकाता में नितिन नवीन और शुभेंदु अधिकारी ने किया मार्च
BJP Protest March भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने बिहार के भागलपुर में मार्च निकालने के बाद कोलकाता में पदयात्रा की। यहां कॉलेज स्ट्रीट से धर्मतला तक करीब दो किलोमीटर लंबा मार्च निकाला गया। इसमें पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य भी शामिल हुए।
मुंबई में शिवाजी पार्क से कामगार मैदान तक पदयात्रा
BJP Protest March मुंबई में भाजपा नेताओं और सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने दादर स्थित शिवाजी पार्क से कामगार मैदान तक मार्च निकाला। इसमें मुंबई भाजपा अध्यक्ष अमित साटम और मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा सहित कई नेता शामिल हुए। इस मार्च में भाजपा और शिंदे शिवसेना महायुति के कार्यकर्ताओं ने भी हिस्सा लिया।
दिल्ली में 1984 के पीड़ित परिवारों के साथ न्याय मार्च
BJP Protest March दिल्ली में भाजपा ने 1984 के सिख-विरोधी नरसंहार के पीड़ित परिवारों के साथ न्याय मार्च निकाला। यह मार्च दोपहर 12 बजे गुरुद्वारा बंगला साहिब से शुरू होकर गुरुद्वारा रकाबगंज साहिब तक गया। एक दिन पहले, 1 नवंबर को राहुल गांधी ने दिल्ली में रैली की थी। इसके विरोध में भाजपा ने प्रदर्शन किया।
रांची में भी भाजपा की ओर से मार्च निकाला गया।
अमित शाह ने एसआईआर और मतदाता सूची को लेकर कांग्रेस पर साधा निशाना
हैदराबाद में जनसभा को संबोधित करते हुए अमित शाह ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का समर्थन किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस इस प्रक्रिया को रोककर मतदाता सूची से बांग्लादेशी घुसपैठियों को बाहर किए जाने का विरोध कर रही है।
शाह ने कहा कि देश में मतदान का अधिकार केवल नागरिकों को होना चाहिए। उन्होंने राहुल गांधी के 13 करोड़ वोट काटे जाने संबंधी दावे को गलत बताया। शाह के अनुसार, इनमें करीब सवा छह करोड़ लोग ऐसे हैं, जो दूसरी जगह रहने चले गए हैं, 2.8 करोड़ लोगों की मृत्यु हो चुकी है और एक करोड़ प्रविष्टियां दोहराई गई हैं। उन्होंने तीन करोड़ ऐसे वोटों का भी उल्लेख किया, जिनके बारे में उन्होंने दावा किया कि वे अस्तित्व में नहीं हैं। इन आंकड़ों और आरोपों को उन्होंने एसआईआर के समर्थन में रखा।
उन्होंने कांग्रेस की रैली को ‘घुसपैठिया बचाओ रैली’ बताते हुए कहा कि भाजपा मतदाता सूची से एक-एक घुसपैठिये को बाहर करने के लिए प्रतिबद्ध है।


