Digvijay Singh Sanatan Yatra : भोपाल, मध्य प्रदेश में पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह की सनातन यात्रा को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। बीजेपी विधायक रामेश्वर शर्मा ने दिग्विजय सिंह पर निशाना साधते हुए कहा कि वे सनातन धर्म के समर्थन में नहीं, बल्कि उसके खिलाफ यात्रा निकाल रहे हैं। शर्मा ने उन्हें अयोध्या के बजाय मथुरा की यात्रा निकालने और भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि पर मंदिर निर्माण के लिए आगे आने की चुनौती दी है।
Digvijay Singh Sanatan Yatra : ‘अयोध्या नहीं, मथुरा के लिए निकालें यात्रा’
बीजेपी विधायक रामेश्वर शर्मा ने कहा कि यदि दिग्विजय सिंह वास्तव में सनातन धर्म के पक्ष में यात्रा निकालना चाहते हैं, तो उन्हें मथुरा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि दिग्विजय सिंह को भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि पर मंदिर निर्माण के लिए आगे आना चाहिए और वहां मौजूद ढांचे को हटाने की मांग करनी चाहिए।

शर्मा ने आरोप लगाया कि दिग्विजय सिंह की यात्रा का उद्देश्य सनातन धर्म को मजबूत करना नहीं, बल्कि उसे बदनाम करना है। उनके मुताबिक, देश में सनातन धर्म के प्रति बढ़ रही आस्था को रोकने की कोशिश की जा रही है।
Digvijay Singh Sanatan Yatra : ‘दम है तो मथुरा के लिए यात्रा निकालें’
रामेश्वर शर्मा ने दिग्विजय सिंह को चुनौती देते हुए कहा कि यदि उनमें साहस है तो वे मथुरा के लिए यात्रा निकालें। उन्होंने यह भी कहा कि मथुरा में कारसेवा की स्थिति बनती है तो वे भी साथ आने के लिए तैयार हैं।
बीजेपी विधायक ने अयोध्या में राम मंदिर आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा कि यदि दिग्विजय सिंह को अयोध्या के लिए यात्रा निकालनी थी, तो उन्हें उस समय आगे आना चाहिए था, जब कारसेवक आंदोलन कर रहे थे।
Digvijay Singh Sanatan Yatra : सनातन यात्रा को लेकर बढ़ी सियासी बहस
दिग्विजय सिंह की सनातन यात्रा को लेकर रामेश्वर शर्मा के बयान से राजनीतिक बहस तेज होने के संकेत हैं। बीजेपी विधायक ने जहां यात्रा के उद्देश्य पर सवाल उठाए हैं, वहीं उनके बयान में मथुरा और भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि पर मंदिर निर्माण का मुद्दा भी प्रमुखता से सामने आया है। फिलहाल, रामेश्वर शर्मा के इन बयानों के जरिए प्रदेश की राजनीति में धार्मिक मुद्दे को लेकर नया विवाद सामने आया है। दिग्विजय सिंह की प्रतिक्रिया मिलने पर इस मामले में आगे की राजनीतिक स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।
Digvijay Singh Sanatan Yatra : उज्जैन से अयोध्या तक कर रहे यात्रा
आपको बता दें कि पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा पर निकल चुके हैं। उन्होंने 20 अक्टूबर 2026 मंगलवार को उज्जैन से इसकी शुरुआत कर दी है। इससे पहले इंदौर में मीडिया से चर्चा में उन्होंने स्पष्ट कर दिया था कि यह उनकी निजी यात्रा है, इससे कांग्रेस का कोई संबंध नहीं है। उधर, कांग्रेस भी स्पष्ट कर चुकी है कि इससे उसका कोई लेना-देना नहीं है।
गौर करने वाली बात ये है कि दिग्विजय सिंह जैसे वरिष्ठ नेता सड़क पर उतरें और उसके राजनीतिक मायने न हों ऐसा कैसे हो सकता है। फिलहाल दिग्विजय सिंह की कांग्रेस में और मध्य प्रदेश-उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की स्थिति स्पष्ट करती है कि यात्रा क्यों व्यक्तिगत बताई जा रही है और कांग्रेस पीछे क्यों हटा रही है।
Digvijay Singh Sanatan Yatra : 2018 में कर चुके नर्मदा परिक्रमा
इसके पहले दिग्विजय सिंह ने 2018 में नर्मदा परिक्रमा की थी, ये एक धार्मिक एवं निजी संकल्प यात्रा थी, जिसे उन्होंने अपनी पत्नी के साथ पूरा किया था। हालांकि इस यात्रा ने मध्य प्रदेश में कांग्रेस पार्टी के लिए बेहद मजबूत राजनीतिक जमीन तैयार की और 2018 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की जीत में इसकी अहम भूमिका मानी गई।


