Sanjay Dutt: बॉलीवुड अभिनेता संजय दत्त ने पितृपक्ष के अवसर पर बिहार के गया पहुंचकर अपने दिवंगत माता-पिता सुनील दत्त और नरगिस की आत्मा की शांति के लिए पिंडदान किया। उन्होंने गया स्थित प्रसिद्ध विष्णुपाद मंदिर में विधि-विधान के साथ यह धार्मिक अनुष्ठान पूरा किया। इस दौरान मंदिर परिसर में कई पंडित उनके साथ मौजूद रहे और धार्मिक रस्मों को संपन्न कराया।
संजय दत्त के गया पहुंचने और पिंडदान करने की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं। तस्वीरों में अभिनेता मंदिर परिसर में बैठकर पूजा की विभिन्न रस्में निभाते हुए दिखाई दे रहे हैं। पितृपक्ष के दौरान गया में पिंडदान का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है और देश के अलग-अलग हिस्सों से लोग अपने पूर्वजों की आत्मा की शांति के लिए यहां पहुंचते हैं।
Sanjay Dutt Pind Daan में निभाई गईं धार्मिक रस्में
पिंडदान हिंदू धर्म की एक महत्वपूर्ण धार्मिक परंपरा है, जिसके माध्यम से दिवंगत परिजनों और पूर्वजों को श्रद्धांजलि अर्पित की जाती है। गया में होने वाले पिंडदान के दौरान कई धार्मिक प्रक्रियाएं पूरी की जाती हैं। मान्यता के अनुसार, गया में पिंडदान के लिए फल्गु नदी, विष्णुपाद मंदिर और अक्षय वट को विशेष महत्व प्राप्त है।
संजय दत्त ने भी अपने माता-पिता की स्मृति में इसी धार्मिक परंपरा के तहत अनुष्ठान किया। पूजा के दौरान वह पंडितों के निर्देश के अनुसार विभिन्न धार्मिक क्रियाएं करते नजर आए। बताया जाता है कि इस तरह की पूरी रस्म में करीब दो घंटे का समय लग सकता है और इसे एक ही दिन में पूरा किया जा सकता है।
Sanjay Dutt Pind Daan के बाद फैन्स से मिले अभिनेता
धार्मिक अनुष्ठान पूरा करने के बाद संजय दत्त मंदिर से बाहर निकले। इस दौरान मंदिर के बाहर मौजूद उनके प्रशंसकों की भीड़ ने अभिनेता को देखकर उत्साह जताया। संजय दत्त ने भी अपने फैन्स से मुलाकात की और उनका अभिवादन स्वीकार किया।
गया में अभिनेता की मौजूदगी की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में लोग उन्हें देखने के लिए मंदिर परिसर के आसपास जुट गए थे। संजय दत्त ने इस दौरान धार्मिक कार्यक्रम को पूरा करने के बाद कुछ समय प्रशंसकों के बीच भी बिताया।
Sanjay Dutt Pind Daan से पहले लालबागचा राजा पहुंचे थे अभिनेता
गया में पिंडदान करने से पहले संजय दत्त मुंबई में गणेशोत्सव के दौरान प्रसिद्ध लालबागचा राजा के दर्शन के लिए भी पहुंचे थे। वह अपनी पत्नी मान्यता दत्त के साथ गणपति पंडाल पहुंचे थे। इस दौरान कई अन्य बॉलीवुड सितारे भी लालबागचा राजा के दर्शन के लिए पहुंचे थे।
संजय दत्त की मुलाकात वहां अभिनेत्री अनन्या पांडे और उनके पिता चंकी पांडे से भी हुई। अभिनेता ने दोनों से बातचीत की और उनका अभिवादन किया। इस दौरान संजय दत्त पारंपरिक नारंगी रंग के कुर्ते में नजर आए, जबकि मान्यता दत्त ने गुलाबी रंग का आउटफिट पहना था।
Sanjay Dutt Pind Daan के बाद फिर चर्चा में आया धार्मिक अंदाज
संजय दत्त इससे पहले भी अलग-अलग धार्मिक स्थलों और धार्मिक आयोजनों में अपनी मौजूदगी को लेकर चर्चा में रहे हैं। लालबागचा राजा के दर्शन के दौरान उन्होंने बप्पा के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की थी। उन्होंने कहा था कि यह उनका सौभाग्य है कि उन्हें एक बार फिर लालबागचा राजा के दर्शन करने का अवसर मिला।
संजय दत्त ने यह भी कहा था कि वह प्रार्थना करते हैं कि उन्हें हर साल बप्पा के दर्शन करने का मौका मिलता रहे। अब पितृपक्ष के दौरान गया पहुंचकर माता-पिता के लिए पिंडदान करने के बाद अभिनेता एक बार फिर धार्मिक अनुष्ठान को लेकर सुर्खियों में हैं।
Sanjay Dutt Pind Daan के बीच अभिनेता के अपकमिंग प्रोजेक्ट्स
वर्कफ्रंट की बात करें तो संजय दत्त आने वाले समय में कई फिल्मों में नजर आने वाले हैं। अभिनेता की आगामी फिल्मों में ‘खलनायक रिटर्न्स’ और ‘रेंजर’ का नाम शामिल है। लंबे समय से फिल्म इंडस्ट्री में सक्रिय संजय दत्त लगातार अलग-अलग तरह के किरदारों के जरिए दर्शकों के बीच अपनी मौजूदगी बनाए हुए हैं।
गया में पिंडदान के दौरान सामने आई संजय दत्त की तस्वीरों ने उनके प्रशंसकों का ध्यान खींचा है। इस मौके पर अभिनेता ने अपने दिवंगत माता-पिता को याद करते हुए धार्मिक परंपरा के अनुसार अनुष्ठान किया और उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।


