Report by: Prem Srivastava, Edit by: Priyanshi Soni
Jamshedpur: झारखंड के जमशेदपुर टाटा स्टील जूलॉजिकल पार्क में वन्यजीव विविधता को नई पहचान मिली है। हैदराबाद के नेहरू जूलॉजिकल पार्क से अफ्रीकी शेरों की एक जोड़ी मनोहर (नर) और श्रीदेवी (मादा) यहां लाई गई है। यह आदान-प्रदान स्वीकृत पशु एक्सचेंज प्रोग्राम के तहत हुआ, जिसके बदले दो नर मैनड्रिल बंदरों को हैदराबाद भेजा गया है।
Jamshedpur: प्रजनन और संरक्षण में योगदान
करीब 9 वर्ष आयु के मनोहर और श्रीदेवी अपनी प्रजनन क्षमता के सर्वश्रेष्ठ चरण में हैं। जू प्रबंधन को उम्मीद है कि आने वाले समय में इनसे सफल प्रजनन होगा, जिससे शेरों की आनुवंशिक विविधता और दीर्घकालिक संरक्षण को मजबूती मिलेगी।

Jamshedpur: सुरक्षित परिवहन और निगरानी
11 फरवरी को विशेषज्ञ टीम विशेष वाहनों के साथ हैदराबाद के लिए रवाना हुई थी। सभी स्वास्थ्य जांच और दस्तावेजी प्रक्रिया पूरी करने के बाद 16 फरवरी की आधी रात को दोनों शेरों को सुरक्षित जमशेदपुर लाया गया। यह पूरी प्रक्रिया सेंट्रल जू अथॉरिटी के दिशा-निर्देशों और पशु चिकित्सकों की निगरानी में संपन्न हुई।
Jamshedpur: जू में पहले से मौजूद शेर
वर्तमान में जू में पहले से तीन अफ्रीकी शेर जंबो, एड और जोया मौजूद हैं, जिनकी आयु लगभग 14.5 वर्ष है और वे 2012 से दर्शकों के प्रमुख आकर्षण बने हुए हैं।
Jamshedpur: क्वारंटीन और दर्शकों के लिए दीदार
नए शेरों को 40 दिनों के अनिवार्य क्वारंटीन में रखा गया है। इस दौरान उनके स्वास्थ्य, आहार और नए वातावरण के अनुकूलन पर नजर रखी जाएगी। क्वारंटीन पूरा होने के बाद ही दर्शक इन शानदार शेरों को देख सकेंगे।
Jamshedpur: आकर्षण और संरक्षण का लाभ
मनोहर और श्रीदेवी का आगमन जू के संरक्षण और प्रजनन कार्यक्रम को सशक्त बनाने के साथ-साथ दर्शकों के अनुभव को और समृद्ध करेगा।





