BY: MOHIT JAIN
अगरा में 32 देशों के सेना प्रमुख बुधवार विशेष विमान से आगरा पहुंचे। सैन्य प्रमुखों ने लगभग एक घंटे तक ताजमहल का दीदार किया और इसकी भव्यता देखकर कहा, “वाह ताज।” उन्होंने अपने परिवार के साथ फोटो खिंचवाई।
सुरक्षा की दृष्टि से वरिष्ठ संरक्षण सहायक प्रिंस वाजपेयी और सीआइएसएफ के सीनियर कमांडेंट वीके दुबे ने उनका स्वागत किया। साथ ही 250 सदस्यों का प्रतिनिधिमंडल भी मौजूद था। ये सभी तीन दिवसीय एससीओ समिट दिल्ली में शामिल होने भारत आए थे।
ताजमहल में सुरक्षा और व्यवस्थाएं

- खेरिया हवाईअड्डे से ताजमहल तक सुरक्षा चौकस रही।
- ताजमहल के अंदर पर्यटकों को कुछ समय के लिए रोक दिया गया।
- गोल्फ कार्ट से सभी शिल्पग्राम तक पहुंचे।
सांस्कृतिक और तकनीकी प्रदर्शन
ताजमहल में समय बिताने के बाद सेना प्रमुखों को सांस्कृतिक कार्यक्रम और कलाकृतियों का भी दीदार कराया गया।
- भारतीय आर्मी चीफ उपेंद्र द्विवेदी ने पत्नी सुनीता के साथ ताजमहल का दौरा किया और इतिहास के बारे में जानकारी ली।
- गाइड हरीश सिंह मेहरा और ताजमहल के सहायक अधीक्षक प्रिंस बाजपेई को विशेष सम्मान दिया गया। उन्हें ऑपरेशन सिंदूर मोमेंटो और आर्मी बैच प्रदान किया गया।
- उपेंद्र द्विवेदी ने कहा कि ताजमहल की खूबसूरती विश्व शांति का प्रतीक है।
UNTCC सम्मेलन और स्वदेशी तकनीक

सेना प्रमुखों ने न्यू एज टेक्नोलॉजी के अंतर्गत विकसित न्यू जेनरेशन इक्विपमेंट्स का भी अवलोकन किया। यह पहल आत्मनिर्भर भारत के तहत तैयार तकनीकों पर केंद्रित थी।
- 14 से 16 अक्टूबर तक UNTCC सम्मेलन आयोजित किया गया।
- उद्घाटन रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किया।
- सम्मेलन में 30 से अधिक देशों के वरिष्ठ सैन्य नेतृत्व शामिल हुए।
- कार्यक्रम का उद्देश्य सहयोग और स्वदेशी तकनीकों के उपयोग से शांति मिशन को अधिक प्रभावी और भविष्य के लिए तैयार बनाना है।





