BY: Yoganand Shrivastva
Nepal Flood नेपाल में 26 अगस्त को आई भीषण बाढ़ और आपदा के बाद राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी है। घटना के दसवें दिन भी सेना और बचाव दल प्रभावित इलाकों में मलबा हटाकर लोगों की तलाश कर रहे हैं। इस बीच रसुवा और नुवाकोट से करीब 600 बच्चों के लापता होने की जानकारी सामने आई है, जिससे परिजनों की चिंता बढ़ गई है।
रसुवा और नुवाकोट में बड़ी संख्या में बच्चे लापता
Nepal Flood स्थानीय प्रशासन और शिक्षण संस्थानों से जुटाई गई जानकारी के मुताबिक, रसुवा में करीब 280 बच्चों का अब तक पता नहीं चल पाया है। वहीं नुवाकोट में लापता बच्चों की संख्या करीब 300 से 350 के बीच बताई जा रही है। कुछ बच्चों की जानकारी मिलने के बाद भी बड़ी संख्या में छात्र अभी लापता हैं।

आपदा में शिक्षकों के भी लापता होने की सूचना है। रसुवा में 16 और नुवाकोट में छह शिक्षकों के लापता होने की बात कही गई है। बाढ़ से रसुवा, नुवाकोट और धादिंग के 22 स्कूल प्रभावित हुए थे, जिनमें 12 स्कूलों के पूरी तरह तबाह होने की जानकारी सामने आई है।
1282 लोगों की मौत, हजारों अब भी लापता
Nepal Flood इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 1282 लोगों की मौत की जानकारी सामने आई है, जबकि करीब 5 हजार लोगों का अभी पता नहीं चल पाया है। राहत और बचाव एजेंसियों ने 12 हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला है।
रेस्क्यू टीमों के सामने हाइड्रोपावर परियोजनाओं की सुरंगों में फंसे लोगों को बाहर निकालना बड़ी चुनौती बना हुआ है। सुरंगों में भारी मलबा और कीचड़ जमा होने के कारण बचाव अभियान बेहद मुश्किल परिस्थितियों में चल रहा है।
दसवें दिन सुरंग से लोगों को सुरक्षित निकाला गया
Nepal Flood बचाव अभियान के बीच शुक्रवार को राहत देने वाली खबर भी सामने आई। त्रिशूली पावर प्रोजेक्ट की सुरंग से दो लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने में बचाव दल कामयाब रहा। कई दिनों से मलबे के बीच फंसे लोगों तक पहुंचने के लिए सेना और अन्य बचावकर्मी लगातार प्रयास कर रहे हैं।
फिलहाल प्रभावित इलाकों में लापता लोगों की तलाश जारी है और राहत दल मलबे के साथ-साथ सुरंगों में भी सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं।


