BY: Yoganand Shrivastva
इंदौर, लव जिहाद फंडिंग मामले में फरार चल रहे कांग्रेस पार्षद अनवर कादरी ने शुक्रवार को जिला कोर्ट में सरेंडर कर दिया। करीब तीन महीने से फरारी काट रहे कादरी ने नेपाल में छिपकर रहने की बात स्वीकार की। पुलिस पूछताछ में उसने खुलासा किया कि वह फरारी के दौरान पत्नी से 75 हजार रुपए लेकर खर्च चलाता रहा और पैसों की तंगी के चलते पत्नी की सोने की चेन तक बेच दी।
सरेंडर के समय कादरी ने अपना हुलिया भी बदल लिया था। उसने दाढ़ी-मूंछ हटाकर पुलिस को चकमा देने की कोशिश की। हालांकि, पुलिस ने उसे कोर्ट परिसर से ही हिरासत में लेकर 3 सितंबर तक रिमांड पर भेज दिया है।
नेपाल भागने तक का सफर
एसीपी रुबीना मिजवानी के अनुसार, अनवर कादरी एफआईआर दर्ज होने के बाद बस से भोपाल गया। वहां से नागपुर, हैदराबाद और चेन्नई होते हुए उसने केरल के एर्नाकुलम का रुख किया। इसके बाद ट्रेन से सिक्किम के सिलिगुड़ी पहुंचा और दार्जिलिंग में कुछ दिन रुका। गिरफ्तारी के डर से उसने नेपाल भागने का फैसला किया।
नेपाल में छिपने के दौरान वह इंटरनेट कॉल और व्हाट्सऐप कॉल का इस्तेमाल करता रहा ताकि पुलिस उसे ट्रैक न कर सके। अपनी पहचान छुपाने के लिए उसने वहां भी अपना हुलिया बदल लिया।
पत्नी से मुलाकात और सोने की चेन बेचने का खुलासा
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि फरारी के दौरान उसकी पत्नी फरहाना उससे नेपाल मिलने पहुंची थी। पत्नी से मिले पैसों के खत्म होने के बाद कादरी ने उसकी सोने की चेन तक बेच दी। गिरफ्तारी के डर से उसने पत्नी को वापस इंदौर भेज दिया।
पुलिस को जानकारी मिली है कि कादरी कुछ दिन पहले तक नेपाल में ही छिपा हुआ था। नेपाल से वह टैक्सी और ट्रेन के जरिए महाराष्ट्र के औरंगाबाद, भुसावल, बुरहानपुर होते हुए इंदौर पहुंचा।
कोर्ट में सरेंडर के दौरान बढ़ा तनाव
जैसे ही कादरी कोर्ट में पेश हुआ, वहां मौजूद लोगों का गुस्सा भड़क उठा। भीड़ ने उसकी तरफ बढ़ने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने कड़ी सुरक्षा में उसे कोर्ट कक्ष तक पहुंचाया। कादरी पर 40 हजार रुपए का इनाम घोषित था।
अनवर कादरी के आपराधिक रिकॉर्ड पर एक नजर
- डकैती का मामला: 1996 में उज्जैन के महाकाल थाने में दर्ज डकैती के केस के बाद कादरी को “अनवर डकैत” के नाम से जाना जाने लगा।
- जानलेवा हमला: 2009 में गवाह पर हमले के मामले में 2011 में एक साल की सजा हुई।
- इंदौर में आपराधिक घटनाएं: मारपीट, धमकी और कई अन्य मामलों में नामजद।
- राजनीतिक सफर: कांग्रेस से तीन बार पार्षद और शहर कांग्रेस का महामंत्री रह चुका है।
- विवादित नारा मामला: अप्रैल 2025 में पाकिस्तान जिंदाबाद नारे के मामले में जेल भेजा गया।
पुलिस की अगली रणनीति
पुलिस अब कादरी के नेपाल जाने के रास्तों और नेटवर्क की पुष्टि करेगी। रिमांड अवधि के दौरान उससे कई अहम सवाल पूछे जाएंगे, ताकि फंडिंग से जुड़े अन्य नामों का भी खुलासा किया जा सके।
मुख्य बातें:
- लव जिहाद फंडिंग केस का आरोपी तीन माह से फरार था।
- नेपाल में छिपने के लिए पत्नी से पैसे लिए और गहने बेचे।
- इंटरनेट कॉल से करता था संपर्क, मोबाइल फेंक दिया था।
- कोर्ट में सरेंडर के दौरान भीड़ ने घेरने की कोशिश की।
- पुलिस 3 सितंबर तक रिमांड पर लेकर करेगी पूछताछ।





