,

संविदा शिक्षकों ने बेमेतरा में किया एक दिवसीय धरना

Contract teachers staged a one-day sit-in protest in Bemetara

स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालयों में कार्यरत संविदा शिक्षक व कर्मचारी अब अपने अधिकारों को लेकर मुखर हो गए हैं। बेमेतरा तहसील कार्यालय के सामने शनिवार को संघ के बैनर तले जिला स्तरीय एक दिवसीय सांकेतिक धरना प्रदर्शन आयोजित किया गया। आंदोलन का नेतृत्व स्वामी आत्मानंद संविदा शिक्षक व कर्मचारी संघ ने किया।

नियमितीकरण और समावेशन की मांग

धरना स्थल जय स्तंभ चौक पर जुटे शिक्षकों और कर्मचारियों ने एक सुर में शिक्षा विभाग से मांग की कि

  • उन्हें वर्षों की सेवा के आधार पर समावेश (सिविलियन) किया जाए,
  • उनकी नौकरी नियमित की जाए,
  • वेतनमान और वेतन वृद्धि की प्रक्रिया नियमित व पारदर्शी हो,
  • और सेवा शर्तें स्पष्ट व मानवीय बनाई जाएं।

संघ के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन न तो किसी राजनीतिक एजेंडे से प्रेरित है, न ही किसी दल विशेष के समर्थन में, बल्कि शिक्षकों के अधिकार और शिक्षा व्यवस्था की मजबूती के लिए किया जा रहा है।

जल्द समाधान नहीं मिला तो उग्र आंदोलन की चेतावनी

संघ के सदस्यों ने यह भी चेतावनी दी कि यदि सरकार ने समय रहते उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया, तो आने वाले दिनों में प्रदेशव्यापी उग्र आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। आंदोलन के दौरान शिक्षकों ने शांतिपूर्वक प्रदर्शन किया और प्रशासन को ज्ञापन भी सौंपा।

शिक्षा व्यवस्था की मजबूती की बात

संविदा शिक्षकों का कहना है कि वे वर्षों से शिक्षा व्यवस्था में अपनी मेहनत और लगन से योगदान दे रहे हैं। बावजूद इसके, न उन्हें स्थायी पद की सुरक्षा मिल पाई है, न ही वेतन और सेवाओं में स्थायित्व। उन्होंने सरकार से अपील की कि शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए शिक्षकों की स्थायित्वपूर्ण नियुक्ति जरूरी है।

Chanakya Niti: चाणक्य के अनुसार इन 5 आदतों को माना गया है अवगुण, जानें क्या कहता है नीतिशास्त्र

Chanakya Niti: आचार्य चाणक्य की नीतियों में व्यक्ति के स्वभाव, व्यवहार, रिश्तों…