BY: Yoganand Shrivastva
भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर सिविल अस्पताल परासिया, छिंदवाड़ा में पदस्थ शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रवीण सोनी को निलंबित कर दिया गया है। इसके साथ ही डॉ. सोनी और दवा निर्माता कंपनी मेसर्स श्रीसन फार्मास्युटिकल्स के संचालकों के विरुद्ध एफआईआर भी दर्ज की गई है।
जानकारी के अनुसार, डॉ. सोनी ने निजी प्रैक्टिस के दौरान उपचार हेतु आए शिशुओं में गंभीर लापरवाही बरती। उनके द्वारा पर्चे पर लिखी गई दवाओं के सेवन से बच्चों को तेज बुखार और पेशाब में कठिनाई हुई, जिससे किडनी पर विपरीत प्रभाव पड़ा और कुछ बच्चों की मृत्यु हो गई। निलंबन के दौरान डॉ. सोनी का मुख्यालय जबलपुर में कार्यालय क्षेत्रीय संचालक, स्वास्थ्य सेवाओं के अधीन रखा गया है।
छिंदवाड़ा के थाना परासिया में दर्ज FIR में भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 105, 276 और औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 की धारा 27ए का उल्लंघन शामिल है। घटना के बाद कोल्ड्रिफ कफ सिरप के सैम्पल जांच के लिए भेजे गए थे, जिनकी रिपोर्ट अमान्य पाई गई। इसके बाद पूरे प्रदेश में कोल्ड्रिफ सिरप की बिक्री पर प्रतिबंध और इसकी आवाजाही पर सख्त निगरानी के निर्देश जारी किए गए हैं।





