Sterilization Operation Failure Sehore परिवार नियोजन के लिए कराई गई नसबंदी के बावजूद महिला के गर्भवती होने का मामला सामने आया है। पीड़ित परिवार ने जिला अस्पताल प्रबंधन और संबंधित स्वास्थ्य कर्मियों पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। मामले को लेकर परिवार ने मुआवजे और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की है।
नसबंदी के बाद भी ठहरा गर्भ, परिवार हुआ परेशान
Sterilization Operation Failure Sehore जानकारी के अनुसार मंडी क्षेत्र निवासी पूजा मालवीय ने करीब 9 महीने पहले जिला अस्पताल में नसबंदी ऑपरेशन कराया था। बताया जा रहा है कि उन्हें परिवार नियोजन के लिए आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ने प्रेरित किया था। पूजा के पहले से चार बच्चे हैं और परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर है।
परिजनों का आरोप है कि नसबंदी के कुछ समय बाद ही पूजा दोबारा गर्भवती हो गई। इसकी जानकारी उन्होंने संबंधित आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और अस्पताल प्रबंधन को दी, लेकिन उन्हें कोई संतोषजनक जवाब या समाधान नहीं मिला।
शिकायतों के बावजूद नहीं मिला समाधान
Sterilization Operation Failure Sehore पीड़िता और उसके पति मनीष मालवीय का कहना है कि उन्होंने कई बार अस्पताल और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से संपर्क किया, लेकिन उनकी शिकायत पर गंभीरता से ध्यान नहीं दिया गया। परिवार का आरोप है कि मामले को लेकर जिम्मेदार अधिकारी लगातार टालमटोल करते रहे।
इस बीच गर्भावस्था पूरी होने के बाद पूजा ने एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया। अब परिवार का कहना है कि सीमित आय में पांचवें बच्चे का पालन-पोषण करना उनके लिए बेहद मुश्किल होगा।
मुआवजे और कार्रवाई की मांग
Sterilization Operation Failure Sehore पीड़ित दंपति ने स्वास्थ्य विभाग से आर्थिक सहायता और मुआवजे की मांग की है। उनका कहना है कि यदि नसबंदी प्रक्रिया में किसी प्रकार की लापरवाही हुई है तो इसकी जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।
परिवार का यह भी कहना है कि उनकी आर्थिक स्थिति पहले से ही कमजोर है, ऐसे में नवजात बच्ची के पालन-पोषण की अतिरिक्त जिम्मेदारी उनके लिए बड़ी चुनौती बन गई है। मामले को लेकर स्वास्थ्य विभाग की ओर से क्या कदम उठाए जाते हैं, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।




