Report: Alok Bhardwaj
Bhind Fertilizer Crisis भिंड जिले में खाद वितरण व्यवस्था को लेकर किसानों की परेशानी सामने आई है। कई केंद्रों पर किसानों और महिलाओं की लंबी कतारें देखी गईं। किसानों का आरोप है कि उन्हें घंटों इंतजार करना पड़ रहा है, जबकि पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से परेशानी और बढ़ रही है। खेती के महत्वपूर्ण समय में खाद के लिए भटकना किसानों के लिए चिंता का विषय बना हुआ है।

Bhind Fertilizer Crisis निजी केंद्रों पर मनमानी और सिफारिश के आरोप
मामले में निजी खाद विक्रेताओं पर निर्धारित दरों से अधिक कीमत वसूलने के आरोप भी लगे हैं। वहीं एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कथित तौर पर सिफारिश के आधार पर खाद उपलब्ध कराने की बात कही जा रही है। इन आरोपों के बाद खाद वितरण प्रणाली की पारदर्शिता और निष्पक्षता पर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।

Bhind Fertilizer Crisis जांच के बाद कार्रवाई का भरोसा
खाद केंद्रों पर अव्यवस्था और आरोपों के बीच प्रशासन ने मामले की जांच कराने की बात कही है। भिंड एसडीएम अखिलेश शर्मा ने कहा कि पूरे मामले की तहसीलदार स्तर पर जांच कराई जाएगी और यदि किसी की भूमिका सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने और व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।

बाइट – अखिलेश शर्मा, एसडीएम भिंड
“मामले की तहसीलदार से जांच कराई जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।”



