Jamtara Cyber Police Raid जामताड़ा पुलिस का बड़ा क्रैकडाउन: झाड़ियों में बैठकर ‘APK फाइल’ से देश को ठगने वाले 3 शातिर साइबर अपराधी दबोचे, 75 पहुंचे जेल

- Advertisement -
Swadesh NewsAd image
Jamtara Cyber Police Raid

Report: Ratan kumar

Jamtara Cyber Police Raid पलाश की झाड़ियों से चल रहा था ठगी का नेटवर्क: एसपी शंभु कुमार सिंह ने किया भंडाफोड़

झारखंड के जामताड़ा जिले में ऑनलाइन जालसाजों के खिलाफ चलाए जा रहे महाअभियान के तहत साइबर सेल को एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। मंगलवार को आयोजित एक हाई-प्रोफाइल प्रेस कॉन्फ्रेंस में जामताड़ा के पुलिस अधीक्षक (SP) शंभु कुमार सिंह ने बताया कि पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर करमाटांड़ थाना क्षेत्र में दबिश देकर तीन कुख्यात साइबर अपराधियों को रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। यह शातिर ठग पुलिस की नजरों से बचने के लिए तेतुलबंधा गांव के पास सुनसान इलाकों में स्थित पलाश और पुटूश की घनी झाड़ियों के पीछे छिपकर देश के अलग-अलग राज्यों के भोले-भाले लोगों को अपना शिकार बना रहे थे।

Jamtara Cyber Police Raid जालसाजों की कुंडली और पुराना रिकॉर्ड: घिरतफ्तार आरोपियों की पहचान

साइबर डीएसपी अमित रविदास और साइबर थाना प्रभारी राजेश मंडल के नेतृत्व में गठित स्पेशल टास्क फोर्स ने चारों तरफ से घेराबंदी कर इन आरोपियों को दबोचा। पकड़े गए जालसाजों का विवरण इस प्रकार है:

  • महेन्द्र कुमार मंडल (उम्र 28 वर्ष): निवासी धरूवाडीह, करमाटांड़। (यह इस गैंग का मास्टरमाइंड है, जो पहले भी वर्ष 2021 में जामताड़ा साइबर थाने के केस संख्या 62/21 में जेल जा चुका है और इसके खिलाफ चार्जशीट दाखिल है)।
  • टिंकू कुमार मंडल (उम्र 26 वर्ष): निवासी धरूवाडीह, करमाटांड़।
  • विकास कुमार मंडल (उम्र 24 वर्ष): निवासी धरूवाडीह, करमाटांड़।

पुलिस ने इन तीनों के पास से वारदातों में इस्तेमाल किए जा रहे 7 आधुनिक स्मार्टफोन और 9 एक्टिवेटेड फर्जी सिम कार्ड बरामद किए हैं।

Jamtara Cyber Police Raid जानिए ठगी का मॉडस ऑपेरंडी: कैसे उड़ाते थे बैंक खातों से पैसे?

पूछताछ में आरोपियों ने देशव्यापी साइबर नेटवर्क और आम जनता को फंसाने के दो बेहद खतरनाक तरीकों (Modus Operandi) का खुलासा किया:

  1. क्रेडिट कार्ड और फर्जी कस्टमर केयर: आरोपी मुख्य रूप से ‘बैंक ऑफ बड़ौदा’ के ग्राहकों को निशाना बनाते थे। वे लोगों को फोन कर क्रेडिट कार्ड बंद होने या नया कार्ड चालू (Activate) करने का डर दिखाते थे। इसके अलावा, उन्होंने गूगल सर्च इंजन पर नामी कंपनियों और बैंकों के नाम से अपने फर्जी नंबर डाल रखे थे, जिससे लोग खुद उन्हें असली अधिकारी समझकर फोन लगाते थे।
  2. किलर ‘APK फाइल’ का खेल: बातों में फंसाने के बाद ठग पीड़ितों के मोबाइल पर एक अज्ञात ‘APK फाइल’ (एप्लीकेशन लिंक) भेजकर उसे डाउनलोड करवाते थे। जैसे ही पीड़ित उस ऐप को इंस्टॉल करता, उनके मोबाइल का पूरा रिमोट एक्सेस, ओटीपी (OTP) और पर्सनल बैंकिंग क्रेडेंशियल्स इन अपराधियों के पास ट्रांसफर हो जाते थे, जिसके तुरंत बाद खाते से पूरी रकम साफ कर दी जाती थी।

Jamtara Cyber Police Raid सख्त कानूनी धाराओं में केस दर्ज; इस साल रिकॉर्ड 75 ठग सलाखों के पीछे

पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ 08 जून 2026 को जामताड़ा साइबर थाना में कांड संख्या 34/26 दर्ज किया है। इस बार पुलिस ने नए कानूनों के तहत कड़ा रुख अपनाते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की विभिन्न धाराओं सहित इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (IT) एक्ट और नए टेलीकम्युनिकेशंस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर तीनों को जेल भेज दिया है।

Read this: Morena Police Constable Attack: चेकिंग के दौरान खाकी पर हमला; शराब माफिया के गुर्गों ने आरक्षक को सरेराह पीटा, दो मुख्य आरोपी गिरफ्तार

Fertilizer Shortage: खाद की कमी से किसानों की बढ़ी चिंता, कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

Fertilizer Shortage: खरीफ सीजन से पहले यूरिया और डीएपी की कमी से