Isa Ahmad
देवरिया। जनपद में अपराध और तस्करी पर रोक लगाने के लिए पुलिस ने अपना शिकंजा और सख्त कर दिया है। पिछले एक महीने के भीतर देवरिया पुलिस ने लगातार तीन मुठभेड़ की हैं, जिनमें पशु और असलहा तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। इन लगातार कार्रवाइयों के बाद अपराधियों में स्पष्ट खौफ देखा जा रहा है।
पहली मुठभेड़ मईल थाना क्षेत्र में हुई थी, जहां पुलिस ने एक पशु तस्कर को पकड़ने के दौरान उसके कब्जे से तमंचा और कारतूस बरामद किया।
दूसरी मुठभेड़ सलेमपुर थाना क्षेत्र में हुई, जहां पुलिस का सामना कुख्यात गैंगस्टर और पशु तस्कर राजेश यादव से हुआ। गिरफ्तारी के दौरान आरोपी ने पेट दर्द का बहाना बनाकर पुलिस को धोखा देने की कोशिश की, लेकिन पुलिस की सतर्कता के कारण उसकी चाल नाकाम हो गई। आरोपी के पास से सरकारी 9 एमएम पिस्टल, एक जिंदा कारतूस और सात खोखे बरामद किए गए। राजेश यादव लंबे समय से फरार चल रहा था और कई गंभीर मामलों में वांछित था।
तीसरी और सबसे हालिया मुठभेड़ बीती देर रात कोतवाली क्षेत्र के सकरापार में हुई। यहां पुलिस का सामना असलहा तस्कर विवेक सिंह उर्फ पप्पू निवासी पतलापुर, थाना खुखुंदू, से हुआ। सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी की तो आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में उसके दाहिने पैर में गोली लग गई। मौके से पुलिस ने दो पिस्टल और चार तमंचे बरामद किए। आरोपी को उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है।
एसपी देवरिया ने स्पष्ट कहा
जनपद में कानून-व्यवस्था सर्वोपरि है। अपराध, तस्करी या गैंग अपराध किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।
“अपराधी चाहे कोई भी हो, पुलिस की कार्रवाई जारी रहेगी और किसी को बख्शा नहीं जाएगा।”
लगातार इन तीन बड़ी कार्रवाइयों ने यह संदेश साफ कर दिया है कि देवरिया पुलिस अपराध को जड़ से खत्म करने के लिए पूरी तरह एक्शन मोड में है।





