Isa Ahmad
School Building: शिक्षा के क्षेत्र में सरकार करोड़ों रुपये खर्च करने का दावा कर रही है, लेकिन गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के मरवाही विकासखंड की ग्राम पंचायत परासी में जमीनी हकीकत कुछ और ही तस्वीर पेश कर रही है। यहां डीएफएम मद से करीब 19 लाख रुपये की लागत से बनने वाला मिडिल स्कूल भवन पिछले दो वर्षों से अधूरा पड़ा है। भवन का निर्माण रुक जाने के कारण छात्र कभी बरामदे, कभी पेड़ की छांव तो कभी प्राथमिक स्कूल के कमरों में पढ़ाई करने को मजबूर हैं।
School Building: ग्रामीणों ने लगाए भुगतान में अनियमितता के आरोप, जांच की मांग तेज
School Building: ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण स्थल पर केवल करीब दो लाख रुपये का काम दिखाई देता है, जबकि लगभग आठ लाख रुपये का भुगतान पहले ही निकाल लिया गया है। स्थानीय लोगों ने सरपंच, सचिव और निर्माण एजेंसी की भूमिका की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि समय पर भवन पूरा नहीं होने से बच्चों की पढ़ाई लगातार प्रभावित हो रही है और बारिश व गर्मी के मौसम में उन्हें भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
School Building: जिला शिक्षा अधिकारी बोले- जल्द शुरू होगा निर्माण, अनियमितता मिलने पर होगी कार्रवाई
School Building: मामले पर जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी ने कहा कि अधूरे स्कूल भवन की जानकारी विभाग को मिल चुकी है। निर्माण कार्य जल्द दोबारा शुरू कराने के प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि यदि जांच में वित्तीय या निर्माण संबंधी किसी भी प्रकार की अनियमितता सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। अब सभी की नजर इस बात पर है कि प्रशासन केवल जांच तक सीमित रहता है या फिर बच्चों को बेहतर शिक्षा का अधिकार दिलाने के लिए ठोस कदम उठाता है।



