Edit by: Priyanshi Soni
Naxalite: गृह मंत्री अमित शाह कई बार साफ कर चुके हैं कि देश से नक्सलवाद को 31 मार्च 2026 तक पूरी तरह खत्म कर दिया जाएगा। इस लक्ष्य की दिशा में 2025 एक अहम और निर्णायक वर्ष बनकर सामने आया है। इस दौरान सुरक्षाबलों ने आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करते हुए नक्सलियों के खिलाफ लगातार प्रभावी कार्रवाई की।
Naxalite: हथियार छोड़ मुख्यधारा में लौटे हजारों नक्सली
सुरक्षा अभियानों के साथ-साथ सरकार की आत्मसमर्पण नीति भी असरदार साबित हुई है। वर्षों से हिंसा के रास्ते पर चल रहे कई नक्सलियों ने हथियार छोड़कर मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया। इसका नतीजा यह रहा कि एक समय 182 जिलों में फैला वामपंथी उग्रवाद, अब घटकर केवल 11 जिलों तक सीमित रह गया है।

Naxalite: नक्सल प्रभावित इलाकों में खुले स्कूल और अस्पताल
नक्सलवाद पर काबू पाने का असर सिर्फ कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं रहा, बल्कि दूरदराज और संवेदनशील इलाकों में विकास की रफ्तार भी तेज हुई है। जिन क्षेत्रों में कभी नक्सलियों का डर था, वहां अब स्कूल, अस्पताल और बुनियादी सुविधाएं दिखाई देने लगी हैं। दशकों तक नक्सल हिंसा ने जनजीवन और विकास को बाधित किया, लेकिन अब मजबूत राजनीतिक इच्छाशक्ति और बेहतर समन्वय के चलते हालात बदलते नजर आ रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, सरकार आने वाले तीन महीनों में नक्सल मुक्त भारत की दिशा में और ठोस कदम उठाने जा रही है।
Naxalite: 335 नक्सली ढेर, 2,167 ने किया आत्मसमर्पण
आंकड़ों की बात करें तो सुरक्षाबलों ने 335 नक्सलियों को मार गिराया, जबकि 2,167 से अधिक नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया और 942 को गिरफ्तार किया गया। 21 अप्रैल से 11 मई के बीच चलाए गए ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट में 27 कट्टर नक्सली ढेर किए गए। वहीं, 24 मई को बीजापुर में 24 हार्डकोर नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया।
एक करोड़ के इनामी नक्सली ने किया आत्मसमर्पण
14 से 17 अक्तूबर के बीच छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र में 258 नक्सलियों ने हथियार डाले। इनमें केंद्रीय समिति का सदस्य सतीश उर्फ टी. वासुदेव राव भी शामिल था, जिस पर 1 करोड़ रुपये का इनाम घोषित था।

शीर्ष नक्सली नेताओं पर बड़ा प्रहार
नवंबर में आंध्र प्रदेश के मारेडुमिल्ली वन क्षेत्र में हुई मुठभेड़ में छह नक्सली मारे गए, जिनमें कुख्यात नेता मड़वी हिडमा, उसकी पत्नी राजे और उसके कई करीबी सहयोगी शामिल थे। हिडमा 2013 के झीरम घाटी हमले और 2021 की सुकमा–बीजापुर घटना में शामिल रहा था।
यह खबर भी पढ़ें: Gig Workers Strike: आज ऑर्डर किया तो फंस सकते हैं! न्यू ईयर ईव पर गिग वर्कर्स की हड़ताल, फूड और किराना डिलीवरी प्रभावित
केंद्रीय समिति के वरिष्ठ सदस्य भी मारे गए
इससे पहले सितंबर में महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा के अबूझमाड़ क्षेत्र में सुरक्षाबलों ने केंद्रीय समिति के वरिष्ठ सदस्य कट्टा रामचंद्र और कादरी सत्यानारायण रेड्डी को ढेर किया। वहीं, मई 2025 में छत्तीसगढ़ के नारायणपुर में हुई कार्रवाई में 27 माओवादी मारे गए, जिनमें शीर्ष नेता नंबाला केशव राव उर्फ बासवराजू भी शामिल था।





