कावासाकी ने विज्ञान कथा फिल्मों जैसा एक अद्भुत कदम उठाया है। उनका नवीनतम आविष्कार कोई मोटरसाइकिल, क्वाड बाइक या इलेक्ट्रिक स्कूटर नहीं है, बल्कि एक चौपाया रोबोटिक घोड़ा है, जिसका नाम CORLEO रखा गया है। यह कोई साधारण प्रोटोटाइप नहीं है, बल्कि एक वास्तविक प्रोजेक्ट है जिसे ओसाका एक्सपो 2025 में प्रदर्शित किया जाएगा, जो 13 अप्रैल से शुरू हो रहा है।
एक नई परिभाषा: ऑफ-रोड मोबिलिटी
जापानी ब्रांड कावासाकी, जिसे मोटरसाइकिल और रोबोटिक्स के क्षेत्र में अपने अनुभव के लिए जाना जाता है, ने इस अनोखे वाहन को डिज़ाइन किया है। CORLEO का उद्देश्य ऑफ-रोड यात्रा के तरीके को पूरी तरह बदलना है, जहां मोटरसाइकिल की गतिशीलता और जानवरों की चाल का अनोखा मिश्रण देखने को मिलता है।
डिज़ाइन और तकनीक
पहली नज़र में, CORLEO किसी फ्यूचरिस्टिक मंगा कॉमिक के किरदार जैसा लगता है। इसके चार पैर हैं, जिनके अंत में एंटी-स्किड रबर से बने “खुर” लगे हैं, जो पथरीले इलाके, रेत, घास या कंकड़ पर आसानी से चल सकते हैं। यह सिर्फ चलने तक सीमित नहीं है—इसकी स्वतंत्र सस्पेंशन प्रणाली इसे ऊबड़-खाबड़ जमीन पर भी सहज बनाती है, जैसे किसी मोटरसाइकिल का सस्पेंशन सिस्टम हो।
कैसे काम करता है CORLEO?
इसे चलाने के लिए राइडर अपने वजन को हैंडलबार पर लगे कंट्रोल्स की मदद से शिफ्ट करता है, जो घुड़सवारी के अनुभव जैसा है। कावासाकी के अनुसार, यह सिस्टम “घोड़े की सवारी” जैसा अनुभव देता है, जहां राइडर का शरीर ही वाहन के नियंत्रण का हिस्सा बन जाता है।

हाइड्रोजन से चलने वाला इंजन
CORLEO पेट्रोल या बैटरी से नहीं, बल्कि हाइड्रोजन से चलता है। इसके सामने वाले पैर में एक 150cc का इंजन लगा है, जो हाइड्रोजन को बिजली में बदलता है। यह बिजली हर पैर में लगे मोटर्स को पावर देती है, जिससे यह पूरी तरह प्रदूषण-मुक्त और भविष्यवादी तकनीक पर आधारित है।
स्मार्ट फीचर्स
राइडर के पास एक डिजिटल डैशबोर्ड है, जो हाइड्रोजन लेवल, रूट नेविगेशन और सेंटर ऑफ ग्रैविटी को रियल-टाइम में दिखाता है। रात में, यह जमीन पर लाइट्स प्रोजेक्ट करता है, ताकि रास्ता साफ दिखाई दे।
भविष्य की तकनीक
हालांकि, CORLEO अभी एक कॉन्सेप्ट है, जिसे 2050 के लिए डिज़ाइन किया गया है। कावासाकी का मानना है कि यह भविष्य की मोबिलिटी को दर्शाता है, जहाँ सफर करने का तरीका ही नहीं, बल्कि अनुभव भी बदल जाएगा।