संवाददाता: मनोज कुमार
Katihar (बिहार): जिले के कचना थाना अंतर्गत बिहार और पश्चिम बंगाल की सीमा पर स्थित नागर नदी में चल रहे अवैध बालू उत्खनन के खिलाफ पुलिस ने कड़ा शिकंजा कसा है। पुलिस की एक विशेष टीम ने छापेमारी कर बालू लदे एक ट्रैक्टर को जब्त किया है। खनन नियमों के उल्लंघन और अवैध कारोबार में संलिप्तता को देखते हुए प्रशासन ने इस मामले में 1,30,000 रुपये का भारी जुर्माना लगाया है।
गुप्त सूचना पर पुलिस की दबिश, ‘बहिन घाट’ से पकड़ा गया ट्रैक्टर
Katihar कचना थाना के अपर थानाध्यक्ष निशिकांत ने बताया कि उन्हें नागर नदी के बहिन घाट से अवैध रूप से बालू उठाव की गुप्त सूचना मिली थी। इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने त्वरित छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान बालू से लदे एक ट्रैक्टर को रंगे हाथों पकड़ा गया। पुलिस को देखते ही वहां अफरा-तफरी मच गई, लेकिन पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए वाहन को अपने कब्जे में ले लिया।
स्थानीय मालिक ही निकला चालक, पूछताछ जारी
Katihar जब्त ट्रैक्टर का चालक दुखारु, जो कि विधोर पंचायत के खिड़की टोला का निवासी है, उसने पूछताछ में कबूल किया है कि गाड़ी और बालू दोनों उसी के हैं। हालांकि, पुलिस सूत्रों का कहना है कि आरोपी चालक बालू सिंडिकेट के बड़े चेहरों को बचाने के लिए किसी अन्य माफिया का नाम उजागर नहीं कर रहा है। पुलिस अब इस मामले की गहराई से जांच कर रही है ताकि इस अवैध नेटवर्क की जड़ों तक पहुँचा जा सके।
सीमावर्ती क्षेत्र का फायदा उठा रहे माफिया, प्रशासन अलर्ट
Katihar नागर नदी का भौगोलिक स्थान बिहार और पश्चिम बंगाल की सीमा पर है, जहाँ नदी के पूर्वी तट पर बंगाल और पश्चिमी तट पर बिहार की सीमा लगती है। इसी भौगोलिक स्थिति का लाभ उठाकर खनन माफिया अक्सर पुलिस को चकमा देने की कोशिश करते हैं। अपर थानाध्यक्ष ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में गश्ती दल को 24 घंटे सक्रिय कर दिया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि सीमावर्ती इलाकों में अवैध उत्खनन करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।





