IND- BAN Relations: फरवरी में बांग्लादेश के प्रधानमंत्री बने तारिक रहमान ने भारत के साथ रिश्तों में सुधार का संकेत दिया है। इसी कड़ी में बांग्लादेश के DGFI प्रमुख मेजर जनरल मोहम्मद कैसर राशिद चौधरी ने इस महीने की शुरुआत में दिल्ली का गुप्त दौरा किया। इस दौरान उन्होंने भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल सहित अन्य वरिष्ठ खुफिया अधिकारियों से मुलाकात की। यह दौरा पिछले दो वर्षों में दोनों पड़ोसी देशों के बीच बढ़ी कड़वाहट को कम करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
IND- BAN Relations: मीडिया और विशेषज्ञों ने दौरे को सकारात्मक पहल माना
प्रथोमोलो की रिपोर्ट के अनुसार, DGFI प्रमुख की यह यात्रा भारत की मीडिया और सुरक्षा विशेषज्ञों में अच्छी पहल के रूप में देखी गई। हालांकि इस यात्रा पर सार्वजनिक तौर पर बहुत ज्यादा चर्चा नहीं हुई, लेकिन यह माना जा रहा है कि इस गुप्त दौरे ने दिल्ली-ढाका संबंधों में सुधार की नींव रखी है।
IND- BAN Relations: बांग्लादेश में नई सरकार और भारत के साथ संबंधों में सुधार
अगस्त 2024 में शेख हसीना को सत्ता से हटाए जाने और मोहम्मद यूनुस की अंतरिम सरकार बनने के बाद भारत-बांग्लादेश संबंधों में गिरावट आई थी। फरवरी 2026 के आम चुनाव में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) सत्ता में लौटते ही तारिक रहमान प्रधानमंत्री बने। इसके बाद से दोनों देशों के बीच रिश्तों में सुधार की उम्मीद बढ़ी है।
IND- BAN Relations: DGFI प्रमुख की दिल्ली में महत्वपूर्ण बैठकें
राशिद चौधरी ने दिल्ली में अजीत डोभाल के अलावा रिसर्च एंड एनालिसिस विंग के प्रमुख पराग जैन और सैन्य खुफिया एजेंसी के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल आरएस रमन से मुलाकात की। इन बैठकों में यह सहमति बनी कि किसी तीसरे देश के खिलाफ अपनी धरती का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। इसके अलावा, दो साल से निष्क्रिय पड़े संचार माध्यमों को पुनः सक्रिय करने पर भी चर्चा हुई।
IND- BAN Relations: आधिकारिक रूप से मेडिकल विजिट, लेकिन महत्वपूर्ण कूटनीतिक संकेत
DGFI प्रमुख के दौरे को आधिकारिक तौर पर मेडिकल विजिट बताया गया, लेकिन बांग्लादेश में हो रहे राजनीतिक घटनाक्रम और नई दिल्ली की सुरक्षा चिंताओं के कारण यह यात्रा काफी महत्वपूर्ण मानी गई। भारत के लिए यह अहम है क्योंकि उसे आशंका थी कि बांग्लादेश से उसके पूर्वोत्तर राज्यों में स्थिरता और शांति पर असर पड़ सकता है।
IND– BAN Relations: भारत-बांग्लादेश संबंधों में चुनौतियां और सुधार का संकेत
दोनों देशों के बीच संबंधों में कई चुनौतियां हैं, जिनमें भारत द्वारा शेख हसीना को शरण देना शामिल है। हालांकि नई बांग्लादेश सरकार ने इस मुद्दे को रिश्तों में बाधा न बनने देने का इशारा किया है। वहीं, भारत की ओर से भी रिश्तों को सुधारने के संकेत देखे जा रहे हैं।





