BY: MOHIT JAIN
मध्यप्रदेश में मानसून ने अब धीरे-धीरे विदाई लेना शुरू कर दिया है। राजस्थान, गुजरात, पंजाब और हरियाणा की तरह प्रदेश के कुछ जिलों से भी बारिश का सिलसिला थमने लगा है। इस बार मानसून की विदाई नीमच, भिंड, मुरैना और श्योपुर से हुई है।
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 2-3 दिन में प्रदेश के 10 से अधिक जिलों में मानसून के लौटने की संभावना कम है। हालांकि, इस दौरान हल्की बारिश और बूंदाबांदी जारी रह सकती है।
रिकॉर्ड बारिश के आंकड़े

इस बार इन चार जिलों में सामान्य से कहीं अधिक बारिश दर्ज की गई है। आंकड़े इस प्रकार हैं:
- श्योपुर: सामान्य 26.2 इंच के मुकाबले 56.6 इंच बारिश, यानी 115% अधिक।
- भिंड: 32.4 इंच बारिश।
- मुरैना: 37 इंच बारिश।
- नीमच: 42.9 इंच बारिश।
इस हिसाब से, मानसून ने इस बार इन जिलों में काफी अधिक पानी बरसाया है।
प्रदेश के अन्य जिलों में हल्की बारिश
मानसून की विदाई के बीच बुधवार को प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश हुई।
- सीधी: लगभग डेढ़ इंच (36 मिमी) बारिश।
- भोपाल: दोपहर के समय हल्की बूंदाबांदी।
- अन्य जिले: बैतूल, नर्मदापुरम, रीवा, उमरिया और बालाघाट में भी बारिश दर्ज।
उज्जैन और ग्वालियर संभाग से अगले चरण में विदाई
चार जिलों में एक उज्जैन संभाग और तीन जिले चंबल संभाग के हैं। मौसम विभाग के अनुसार, अब उज्जैन और ग्वालियर संभाग से मानसून की विदाई शुरू होगी। इसके बाद इंदौर, भोपाल, सागर, नर्मदापुरम, रीवा, शहडोल और जबलपुर संभाग के जिलों से मानसून विदा होने लगेगा।
मौसम विशेषज्ञ अरुण शर्मा के अनुसार, आने वाले 2-3 दिन में मध्यप्रदेश के अन्य जिलों में भी मानसून की विदाई हो सकती है।
इस साल मानसून की तुलना
- मानसून की शुरुआत: 16 जून 2025
- मौसमी औसत: 37 इंच बारिश
- इस साल अब तक: 44 इंच बारिश (36.8 इंच अपेक्षित)
- अतिरिक्त बारिश: 7.2 इंच
- प्रतिशत: लगभग 118-119% बारिश
इस वर्ष मानसून ने प्रदेश में सामान्य से अधिक बारिश की, और कई जिलों में रिकॉर्ड स्तर तक पानी बरसा।





