उत्तराखंड: भारी बारिश के बीच बाढ़ का खतरा, 8 जिलों में प्रशासन अलर्ट

- Advertisement -
Swadesh NewsAd image
https://swadeshlive.com/cg-top-10-may-8/

BY: Yoganand Shrivastava

उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश ने हालात को चुनौतीपूर्ण बना दिया है। आपातकालीन परिचालन केंद्र (Emergency Operations Center) ने आठ जिलों के कलेक्टरों को विशेष सतर्क रहने की चेतावनी दी है। केंद्र ने कहा है कि इन जिलों में जलभराव और बाढ़ का खतरा है, इसलिए प्रशासन को तैयार रहना चाहिए।

भारी बारिश से देहरादून और अन्य जिलों में हालात तनावपूर्ण

रविवार (17 अगस्त) को भी देहरादून में लगातार बारिश जारी रही। देहरादून, बागेश्वर, चमोली, चंपावत, पिथौरागढ़, रुद्रप्रयाग, टिहरी और उत्तरकाशी जिलों में आपातकालीन केंद्र ने अधिकारियों को जलभराव और बाढ़ के खतरे के मद्देनजर सतर्क रहने की सलाह दी है।

हरिद्वार में सुबह से तेज बारिश हुई, जिसके कारण ज्वालापुर उपनगर के बाजार जलमग्न हो गए। कई दुकानों में पानी भर गया, जिससे सामान और वाहनों को नुकसान पहुंचा। भगत सिंह चौक, भूपत वाला और अन्य इलाकों में भी बरसात का पानी जमा होने से आवागमन प्रभावित हुआ। गंगा नदी खतरे के निशान से मात्र 40 इंच नीचे बह रही है। जिला प्रशासन ने नदी किनारे बसे गांवों में लोगों को चेतावनी जारी कर दी है।

बाढ़ से प्रभावित घरों में राहत कार्य

तहसील बागेश्वर के हरबाड़ गांव में भूस्खलन और भारी बारिश के कारण सात परिवारों के घर खतरे में आ गए। सुरक्षा के लिए उन्हें राजकीय प्राथमिक विद्यालय और पंचायत भवन में स्थानांतरित किया गया। प्रशासन ने प्रत्येक परिवार को खाद्यान्न किट उपलब्ध कराई। क्षतिग्रस्त आटा चक्की और दुकान को भी राहत सामग्री दी गई। पेयजल लाइन टूटने से गांववासियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

केदारनाथ मार्ग पर हादसा

केदारनाथ यात्रा मार्ग पर शनिवार को भूस्खलन के मलबे की चपेट में आने से महाराष्ट्र के तीर्थयात्री परमेश्वर भीम राव खवाल (38) की मौत हो गई। गौरीकुंड से लगभग एक किलोमीटर ऊपर, छोड़ी गधेरा के पास पहाड़ी से गिरा बड़ा पत्थर उनकी मौत का कारण बना।

ऋषिकेश में चंद्रभागा नदी पार करते समय पिंटू (26) और उनकी पत्नी लक्ष्मी (25) तेज प्रवाह में बह गए। राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) और जल पुलिस ने तलाश अभियान शुरू किया, लेकिन रात में इसे रोकना पड़ा। शनिवार सुबह पुनः अभियान शुरू हुआ, पर अभी तक दंपति का पता नहीं चल पाया।

धराली और हर्षिल में राहत और पुनर्निर्माण

धराली और हर्षिल में राहत कार्य लगातार जारी हैं। गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर मरम्मत और जल निकासी का काम चल रहा है। कर्मचारियों ने बताया कि अचानक आई बाढ़ के बाद बनी अस्थायी झील का जलस्तर धीरे-धीरे कम हो रहा है। डूबे हुए हिस्सों जैसे चट्टान, खंभे और सड़क किनारे की रेलिंग दिखाई देने लगी हैं। जेसीबी की मदद से गाद की मोटी परत हटाई जाएगी।

5 अगस्त को खीरगंगा नदी में आई भीषण बाढ़ में धराली में दर्जनों होटल, रेस्तरां, होमस्टे और मकान तबाह हुए थे। अब तक 69 लोग लापता हैं, जिनमें नौ सैन्यकर्मी, 25 नेपाली नागरिक, बिहार के 13, उत्तर प्रदेश के छह, धराली के आठ, उत्तरकाशी के निकटवर्ती क्षेत्रों के पांच, टिहरी के दो और राजस्थान का एक व्यक्ति शामिल हैं।

Katihar: ANM कॉलेज की छात्राओं का ‘हल्ला बोल’, शिक्षिका के व्यवहार के खिलाफ घंटों जाम रही मुख्य सड़क

संवाददाता: मनोज कुमार Katihar (बिहार): जिले के मनिहारी स्थित एएनएम कॉलेज में

Job अमेरिका में AI की धूम: करियर को दें नई उड़ान और सुनिश्चित करें अपना H-1B वीजा

Job आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) ने आज के दौर में वैश्विक तकनीकी परिदृश्य

Bhopal: केंद्र सरकार ने बढ़ाए 14 खरीफ फसलों के MSP, CM डॉ यादव बोले- किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ

Bhopal: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का विपणन

Iran-Israel तनाव के बीच नेतन्याहू की UAE यात्रा के दावे पर विवाद, यूएई ने किया इनकार

Iran-Israel: मिडिल ईस्ट में अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच हालिया संघर्ष

CG: Top 10

CG: जानें छत्तीसगढ़ की 10 बड़ी खबरें... 1. रायपुर IPL मैच में

MP: Top 10

MP: जानें प्रदेश की 10 बड़ी खबरें.. 1. राहुल गांधी खुद करेंगे