संवाददाता: मनोज कुमार
Katihar Liquor Smuggling CNG Tempo Arrest बिहार में पूर्ण शराबबंदी कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत कटिहार मद्य निषेध विभाग की टीम को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस और जांच एजेंसियों की आंखों में धूल झोंकने के लिए तस्करों ने इस बार एक अनोखा तरीका अपनाया था। गिरोह के सदस्य आम सवारी (पैसेंजर) बनकर एक सीएनजी (CNG) टेम्पो में शराब की बड़ी खेप छुपाकर ले जा रहे थे। हालांकि, सटीक गुप्त सूचना के आधार पर मद्य निषेध विभाग ने छापेमारी कर दो महिलाओं और दो पुरुषों सहित कुल चार तस्करों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया है।
Katihar Liquor Smuggling CNG Tempo Arrest हवा महल ब्रिज के नीचे घेराबंदी, थैलों से निकली 75 लीटर से अधिक विदेशी शराब
Katihar Liquor Smuggling CNG Tempo Arrest मद्य निषेध विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, टीम को पुख्ता सूचना मिली थी कि पश्चिम बंगाल की ओर से एक सीएनजी टेम्पो में सवारी के भेष में शराब की बड़ी खेप कटिहार शहर में प्रवेश करने वाली है। सूचना के आधार पर नगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले हवा महल ब्रिज के नीचे विशेष नाकेबंदी की गई। जैसे ही संदिग्ध टेम्पो वहां पहुंचा, उसे रोककर जब यात्रियों के थैलों और सामान की सघन तलाशी ली गई, तो अधिकारियों के होश उड़ गए। विभिन्न थैलों में बेहद शातिर तरीके से छिपाकर रखी गई कुल 75.810 लीटर अवैध विदेशी शराब बरामद की गई।
Katihar Liquor Smuggling CNG Tempo Arrest पकड़े गए तस्करों के नाम आए सामने, चालक भी गिरोह में शामिल
पुलिस ने मौके से शराब की खेप को जब्त करते हुए टेम्पो में सवार चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई है:
- शेख जावेद (सीएनजी टेम्पो चालक)
- रोहित कुमार (तस्कर)
- पूनम देवी (महिला तस्कर)
- सुलोचना देवी (महिला तस्कर)
Katihar Liquor Smuggling CNG Tempo Arrest पश्चिम बंगाल से जुड़ा है नेटवर्क, पुलिस से बचने के लिए ‘फैमिली लुक’ का करते थे इस्तेमाल
गिरफ्तारी के बाद मद्य निषेध विभाग की टीम द्वारा की गई कड़ाई से पूछताछ में अभियुक्तों ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे एक सुनियोजित और संगठित गिरोह (Organized Gang) के रूप में काम करते हैं। इस नेटवर्क के तार पड़ोसी राज्य पश्चिम बंगाल से जुड़े हुए हैं, जहाँ से वे कम दामों में विदेशी शराब की खेप उठाते थे।
रास्ते में पड़ने वाले पुलिस चेकपोस्ट और मद्य निषेध की जांच से बचने के लिए वे जानबूझकर महिलाओं को अपने साथ सफर पर रखते थे। महिला और पुरुष एक साथ टेम्पो में पैसेंजर बनकर बैठते थे, जिससे सुरक्षाकर्मियों को उन पर कोई शक न हो और वे इसे एक आम परिवार का सफर समझें। विभाग ने चारों आरोपियों के खिलाफ उत्पाद अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की वैधानिक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।





