Report: Neha gupta
Judicial probe into the alleged police encounter of Bharat Bhushan Tiwari भोजपुर जिले के बिलौटी गांव में 17 जून को हुए भरत भूषण तिवारी के कथित पुलिस एनकाउंटर मामले की छानबीन अब काफी तेज हो गई है। राज्य सरकार द्वारा गठित की गई विशेष न्यायिक जांच आयोग ने इस पूरे घटनाक्रम से जुड़े अहम गवाहों के बयान दर्ज करने की औपचारिक कार्रवाई शुरू कर दी है। इसी सिलसिले में शनिवार को मृतक भरत तिवारी के माता-पिता अपना पक्ष रखने के लिए आरा पहुंचे, जिससे इस मामले की कानूनी प्रक्रिया को एक नई दिशा मिली है।

Judicial probe into the alleged police encounter of Bharat Bhushan Tiwari रिटायर्ड जज के सामने माता-पिता और वकील ने रखा अपना पक्ष

जांच आयोग के दफ्तर पहुंचे भरत भूषण तिवारी के पिता काशीनाथ तिवारी और माता आशा देवी ने सेवानिवृत्त (Retired) न्यायाधीश विनोद कुमार सिन्हा के समक्ष उपस्थित होकर अपने विस्तृत बयान दर्ज कराए। इस दौरान पीड़ित परिवार के साथ आए अधिवक्ता विष्णुधर पांडे ने भी आयोग के सामने अपनी बातें रखीं। मीडिया से बातचीत में वकील विष्णुधर पांडे ने न्याय व्यवस्था पर पूरा भरोसा जताते हुए कहा कि न्यायिक प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है और पीड़ित परिवार को निश्चित तौर पर न्याय मिलेगा।

Judicial probe into the alleged police encounter of Bharat Bhushan Tiwari गांव में घटना को लेकर संशय, आयोग खंगाल रहा है सारे तथ्य

गौरतलब है कि 17 जून को हुए इस एनकाउंटर को लेकर शुरुआत से ही कई तरह के सवाल उठ रहे हैं, जिसके बाद प्रशासन को इसकी न्यायिक जांच के आदेश देने पड़े थे। आयोग अब घटना के हर एक पहलू, पुलिस की थ्योरी और परिजनों के आरोपों की बारीकी से समीक्षा कर रहा है। माता-पिता के बयान दर्ज होने के बाद अब उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही इस कथित मुठभेड़ का पूरा सच सामने आ सकेगा।





