Report: Vijay Ahirwar
Guna Aaron Land Grab Case Brajesh Sahariya मध्य प्रदेश के गुना जिले के आरोन थाना क्षेत्र से दबंगई और एक गरीब आदिवासी परिवार के उत्पीड़न की बेहद गंभीर वारदात सामने आई है। यहाँ एक सहरिया आदिवासी परिवार अपनी ही पैतृक जमीन को वापस पाने और दबंगों के चंगुल से मुक्त कराने के लिए दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि क्षेत्रीय दबंगों ने न केवल उनकी कीमती जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया है, बल्कि विरोध करने पर पूरे परिवार को हथियारों के बल पर जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं।
Guna Aaron Land Grab Case Brajesh Sahariya शासन से भू-दान में मिली थी 5 बीघा जमीन
Guna Aaron Land Grab Case Brajesh Sahariya मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला आरोन के वार्ड क्रमांक 01 का है। यहाँ के निवासी पीड़ित ब्रजेश सहरिया ने पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों को दी अपनी लिखित शिकायत में चौंकाने वाले आरोप लगाए हैं:

- वैध पट्टा: ब्रजेश के मुताबिक, उनके पिता रामचरन सहरिया को मध्य प्रदेश शासन द्वारा कृषि और आजीविका के लिए 1.000 हेक्टेयर (यानी लगभग 5 बीघा) जमीन आधिकारिक तौर पर भू-दान (सरकारी पट्टे) में दी गई थी।
- दबंगों की नजर: आरोप है कि इसी जमीन पर क्षेत्र के ही रसूखदार लाखन मीणा और राजू मीणा ने नियत खराब करते हुए जबरन और अवैध तरीके से कब्जा जमा लिया है।
Guna Aaron Land Grab Case Brajesh Sahariya ट्यूबवेल और कच्चा मकान तोड़ा, बंदूक-तलवार दिखाकर भगाया
पीड़ित परिवार ने अपनी शिकायत में दबंगों द्वारा की गई बर्बरता की कड़ियों को बयां किया है:
- संपत्ति को नुकसान: ब्रजेश सहरिया का आरोप है कि आरोपियों ने उनके खेत पर बने पुस्तैनी कच्चे मकान (झोपड़ी) और सिंचाई के लिए लगाए गए ट्यूबवेल को पूरी तरह से तहस-नहस कर दिया।
- हथियारों के बल पर खदेड़ा: पीड़ित ने बताया कि जब भी उनका परिवार भू-दान की इस जमीन पर पारंपरिक रूप से खेती-किसानी करने के लिए जाता है, तो आरोपी लाखन और राजू हाथ में लाइसेंसी बंदूक और तलवारें लेकर आ जाते हैं। वे पूरे परिवार को सरेआम गाली-गलौज करते हैं और जान से मारने की धमकी देकर वहां से खदेड़ देते हैं।
- झूठे मुकदमों का डर: पीड़ित का यह भी गंभीर आरोप है कि दबंग अपनी ऊंची राजनैतिक और सामाजिक रसूख के दम पर इस अनपढ़ और गरीब परिवार को चुप कराने के लिए उन पर झूठे पुलिस केस भी दर्ज करवा रहे हैं।
Guna Aaron Land Grab Case Brajesh Sahariya आजीविका का एकमात्र साधन छीना, एसपी से गुहार
सहरिया परिवार का कहना है कि वे बेहद गरीब और अनपढ़ वर्ग से आते हैं। यह 5 बीघा जमीन ही उनके पूरे कुनबे के भरण-पोषण और आजीविका का एकमात्र सहारा थी, जिसके छिन जाने से अब उनके सामने भुखमरी के हालात पैदा हो गए हैं।
ब्रजेश सहरिया ने इस संबंध में आरोन थाना पुलिस, स्थानीय तहसील कार्यालय के साथ-साथ पुलिस अधीक्षक (SP) गुना को भी साक्ष्यों के साथ लिखित शिकायती आवेदन सौंपा है। हालांकि, परिवार का दर्द है कि शिकायत के कई दिन बीत जाने के बाद भी अब तक स्थानीय स्तर पर कोई ठोस और दंडात्मक कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे आरोपियों के हौसले और बुलंद हैं। पीड़ित परिवार ने मामले की उच्च स्तरीय जांच कराकर जमीन वापस दिलाने और आरोपियों पर अनुसूचित जाति-जनजाति (SC/ST Act) अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत सख्त मुकदमा दर्ज करने की मांग की है।





