रिपोर्टर: अफजाल अहमद
Jalaun Police Team Attacked Sirsakalar उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के सिरसाकलार थाना क्षेत्र में कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाली एक बेहद दुस्साहसिक वारदात सामने आई है। यहाँ एक एनसीआर (Non-Cognizable Report) के मामले में वांछित (वांटेड) आरोपी को पकड़ने गई पुलिस टीम पर दबंगों ने जानलेवा हमला कर दिया। इस दौरान आरोपियों ने कोबरा मोबाइल के एक सिपाही को घर के भीतर खींचकर करीब 20 मिनट तक बंधक बनाए रखा और लाठी-डंडों से उसकी बेरहमी से पिटाई की। हमले में सिपाही गंभीर रूप से घायल हो गया है, जबकि एक अन्य सिपाही ने छत से कूदकर बमुश्किल अपनी जान बचाई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी और उसके दो भाइयों को गिरफ्तार कर लिया है।
Jalaun Police Team Attacked Sirsakalar वांछित मजीद को पकड़ने गई थी टीम, भाइयों के साथ मिलकर किया हमला
सिरसाकलार थाना पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरी घटना थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एक गांव की है:

- दबिश के दौरान बवाल: सिरसाकलार थाने में दर्ज एक मामले में वांछित चल रहे आरोपी मजीद को दबोचने के लिए कोबरा मोबाइल के सिपाही सौरभ पटेल अपने एक अन्य साथी सिपाही के साथ उसके घर पर दबिश देने गए थे।
- लाठी-डंडों से हमला: पुलिस टीम ने जैसे ही आरोपी मजीद को हिरासत में लेने का प्रयास किया, वैसे ही मजीद और उसके दो सगे भाइयों ने पुलिस का विरोध करना शुरू कर दिया। देखते ही देखते तीनों भाइयों ने खाकी का खौफ ताक पर रखकर सिपाही सौरभ पटेल पर लाठी-डंडों से ताबड़तोड़ हमला बोल दिया।
Jalaun Police Team Attacked Sirsakalar सिपाही को बनाया बंधक, साथी जवान ने छत से कूदकर बचाई जान
दबंगों का दुस्साहस यहीं नहीं रुका। उन्होंने घायल सिपाही सौरभ को खींचकर घर के अंदर बंद कर दिया।
- 20 मिनट का टॉर्चर: गंभीर रूप से लहूलुहान सिपाही को आरोपियों ने करीब 20 मिनट तक घर के कमरा नंबर एक में बंधक बनाकर रखा और लगातार पीटते रहे।
- छत से कूदा दूसरा सिपाही: इस हिंसक हमले को देख और चारों तरफ से घिर जाने के कारण कोबरा टीम के दूसरे सिपाही ने अपनी जान बचाने के लिए घर की छत से नीचे छलांग लगा दी। उसने तुरंत सुरक्षित स्थान पर पहुंचकर थाने और आला अधिकारियों को मामले की वायरलेस से सूचना दी।
Jalaun Police Team Attacked Sirsakalar भारी पुलिस बल ने कराया मुक्त, मजीद समेत तीन भाई गिरफ्तार
खाकी पर हमले और सिपाही को बंधक बनाए जाने की खबर मिलते ही सिरसाकलार थाना प्रभारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने सूझबूझ से घेराबंदी करते हुए घर का दरवाजा तोड़ा और गंभीर रूप से घायल सिपाही सौरभ पटेल को आरोपियों के चंगुल से सकुशल मुक्त कराया।

पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारी: घायल सिपाही को तुरंत एम्बुलेंस के जरिए नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए जिला अस्पताल रैफर किया गया है। पुलिस ने घटनास्थल से ही मुख्य आरोपी मजीद और उसके हमलावर भाइयों रफीक तथा सफीक को पुलिस कस्टडी में ले लिया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, लोक सेवक पर जानलेवा हमला करने, बलवा और बंधक बनाने (Wrongful Confinement) जैसी गंभीर आपराधिक धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेजने की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।





