चंडीगढ़। हरियाणा की महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठक आज दोपहर बाद मुख्यमंत्री नायब सैनी की अध्यक्षता में आयोजित होगी। बैठक में कुल पांच अहम एजेंडे रखे गए हैं, जिनमें विधायकों को राहत, गांवों की अदला-बदली और विधानसभा के शीतकालीन सत्र की तारीखों का निर्धारण शामिल है।
विधायकों के भत्तों पर बड़ा फैसला संभव
जानकारी के अनुसार, दूसरे राज्यों के दौरे पर जाने वाले विधायकों के लिए होटल में ठहरने की संशोधित दरों पर निर्णय लिया जाएगा। प्रस्ताव के मुताबिक, विधायकों को अब होटल में ठहरने के लिए प्रति दिन 5,000 रुपये का भत्ता देने का प्रावधान किया गया है। इस फैसले को विधायकों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है।
छह जिलों के गांवों की अदला-बदली पर चर्चा
कैबिनेट बैठक में छह जिलों—महेंद्रगढ़ (नारनौल), रेवाड़ी, यमुनानगर, फरीदाबाद, सिरसा और झज्जर—के कई गांवों की अदला-बदली पर भी चर्चा होगी। इन गांवों को मौजूदा उप-तहसील और तहसीलों से निकालकर नई उप-तहसीलों अथवा तहसीलों में शामिल करने के प्रस्ताव पर मंत्रिमंडल की मुहर लग सकती है। बताया गया है कि इन बदलावों के प्रस्ताव सब-कमेटी द्वारा पहले ही समीक्षा के बाद पेश किए जा चुके हैं।
विधानसभा के विंटर सेशन की तारीख तय होने की संभावना
बैठक में आगामी शीतकालीन सत्र की तारीखों को अंतिम रूप दिया जा सकता है। माना जा रहा है कि विधानसभा का विंटर सेशन 26 दिसंबर से शुरू होकर 30 या 31 दिसंबर तक चल सकता है।
मोटर वाहन नियमों में संशोधन
कैबिनेट बैठक में हरियाणा मोटर वाहन नियमों में संशोधन किया जाएगा। सरकार पर्यटन परमिट के अंतर्गत चलने वाले वाहनों की अधिकतम संचालन आयु निर्धारित करेगी, जिससे सड़क दुर्घटनाओं पर नियंत्रण पाने में सहायता मिलेगी।
अल-फलाह यूनिवर्सिटी को झटका संभव
बैठक में हरियाणा निजी विश्वविद्यालय अधिनियम 2006 में संशोधन प्रस्ताव भी शामिल है। इसके तहत गुरुग्राम सेक्टर-68 में नए “डिज़ाइन, नवाचार और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय” को स्थापित करने के लिए विधेयक लाया जाएगा। इसी अधिनियम के तहत 2013 में हुड्डा सरकार ने 17 निजी विश्वविद्यालयों को मंजूरी दी थी। नए संशोधन के बाद अल-फलाह यूनिवर्सिटी को झटका लगने की भी संभावना जताई जा रही है। कैबिनेट के ये सभी फैसले राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था, विधायकों की कार्यशैली, ग्रामीण प्रशासनिक ढांचे और शिक्षा क्षेत्र पर महत्वपूर्ण प्रभाव छोड़ेंगे।





