छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अब महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप घोटाले में CBI के रडार पर हैं। केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने अपनी FIR में बघेल का नाम दर्ज किया है। यह मामला अब और गंभीर हो गया है क्योंकि पहले ही छत्तीसगढ़ की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने भी उन पर शंका जताई थी।
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क्या है पूरा मामला?
1. CBI की बड़ी कार्रवाई
- 26 मार्च को CBI ने छत्तीसगढ़, दिल्ली, कोलकाता और भोपाल में 60 से ज्यादा स्थानों पर छापेमारी की।
- इनमें राजनेताओं, आईएएस-आईपीएस अधिकारियों, पुलिसकर्मियों और बेटिंग ऐप से जुड़े लोगों के घर और दफ्तर शामिल थे।
- लैपटॉप, मोबाइल, बैंक डिटेल्स और कागजात जब्त किए गए।
2. महादेव ऐप क्या है?
- यह एक अवैध ऑनलाइन जुआ और सट्टा प्लेटफॉर्म है, जिसे रवि उप्पल और सौरभ चंद्राकर चला रहे हैं। दोनों फिलहाल दुबई में बैठे हैं।
- जांच में पता चला कि इन्होंने कई अधिकारियों और नेताओं को करोड़ों रुपये की रिश्वत दी ताकि उनका धंधा बिना रुकावट चलता रहे।
3. भूपेश बघेल का क्या रोल है?
- जब बघेल छत्तीसगढ़ के सीएम थे, तब इस ऐप का धंधा पूरे राज्य में फैला हुआ था।
- EOW ने पहले ही अपनी FIR में बघेल पर आरोप लगाए थे कि उनकी सरकार ने इस मामले में जानबूझकर धीमी कार्रवाई की।
- अब CBI ने भी उन्हें संदिग्धों की सूची में शामिल कर लिया है।

भूपेश बघेल का बचाव – क्या कहा उन्होंने?
बघेल ने एक्स (ट्विटर) पर CBI की कार्रवाई पर तीखी प्रतिक्रिया दी:
- 29 मार्च को ट्वीट:
“हमने मोदी सरकार को सौरभ और रवि को गिरफ्तार करने के लिए कई बार पत्र लिखा, लेकिन कोई एक्शन नहीं हुआ। BJP सरकार के अधिकारी एक हफ्ते तक मीडिया में झूठ फैलाते रहे कि सौरभ-रवि गिरफ्तार हो चुके हैं, जबकि दुबई में BJP के प्रिय प्रदीप मिश्रा उन्हें महादेव कथा सुना रहे थे!” - 27 मार्च को ट्वीट:
“प्रदीप मिश्रा से अब तक पूछताछ क्यों नहीं हुई? CBI की यह कार्रवाई ‘उल्टा चोर कोतवाल को डांटे’ जैसी है। मैंने ही SP-कलेक्टर मीटिंग में पहली बार महादेव ऐप के खिलाफ एक्शन लेने के आदेश दिए थे। हमारी सरकार ने ही ऑनलाइन जुए को रोकने के लिए नया बिल लाया था।”
अब आगे क्या होगा?
- CBI और गहराई से जांच कर रही है।
- बैंक ट्रांजैक्शन, डिजिटल फुटप्रिंट और गवाहों के बयान इकट्ठा किए जा रहे हैं।
- कुछ और बड़े नाम सामने आ सकते हैं, क्योंकि अफवाहें हैं कि कई बड़े नेता और अधिकारी इस घोटाले में शामिल हो सकते हैं।
राजनीतिक असर
- भूपेश बघेल कांग्रेस के बड़े नेता हैं। अगर उन पर आरोप साबित होते हैं, तो यह कांग्रेस के लिए बड़ा झटका होगा।
- BJP पहले ही इस मामले को “छत्तीसगढ़ में कांग्रेस का भ्रष्टाचार” बता रही है।