Narco Terror Network : क्लब फायरिंग की जांच से सामने आया बड़ा नेटवर्क
Narco Terror Network : पंचकूला में क्लब के अंदर हुई फायरिंग की जांच के दौरान हरियाणा एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड यानी एटीएस को एक कथित अंतर्राष्ट्रीय नार्को-टेरर नेटवर्क से जुड़े अहम सुराग मिले हैं। एटीएस ने इस मामले में अब तक सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, यह उसके गठन के बाद सफलतापूर्वक सुलझाया गया पहला मामला है।हरियाणा एटीएस के पुलिस अधीक्षक वरुण सिंगला ने 22 सितंबर को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले की जानकारी दी। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के कब्जे और उनकी निशानदेही पर दो एसयूवी गाड़ियां, एक मोटरसाइकिल, दो पिस्तौल, तीन कैश काउंटिंग मशीन, पांच मोबाइल फोन, 12 जिंदा कारतूस और 529 ग्राम चिट्टा हेरोइन बरामद की गई है।
Narco Terror Network : 13 सितंबर को क्लब में हुई थी फायरिंग
एसपी वरुण सिंगला के अनुसार, 13 सितंबर की सुबह पंचकूला के सेक्टर-11 स्थित अलिफ लैला क्लब में फायरिंग की घटना सामने आई थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए। फायरिंग में एक युवती घायल हुई थी, जिसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया।पुलिस जांच में सामने आया कि पांच युवक दो अलग-अलग वाहनों में क्लब पहुंचे थे। क्लब के अंदर शराब पीने के दौरान किसी बात को लेकर उनके बीच विवाद हो गया। आरोप है कि इसके बाद एक युवक ने गाड़ी से पिस्तौल निकाली और दो गोलियां चला दीं। फायरिंग में एक युवती घायल हो गई। घटना के बाद पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की।
Narco Terror Network : अब तक 7 आरोपी गिरफ्तार
एटीएस के मुताबिक, मामले में अब तक कुल सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें तीन आरोपियों को फायरिंग के समय मौके से ही पकड़ लिया गया था। इसके बाद एक आरोपी को एसएएस नगर और तीन अन्य आरोपियों को लुधियाना से गिरफ्तार किया गया।शुरुआती पूछताछ के दौरान आरोपियों की निशानदेही पर एक कैश काउंटिंग मशीन बरामद हुई। इसके बाद जब पुलिस ने आरोपियों से पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया तो कथित अंतर्राष्ट्रीय नेटवर्क से उनके संबंधों के संकेत मिले। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच आगे एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड को सौंप दी गई।
Narco Terror Network : विदेशों में बैठे हैंडलरों से संपर्क का दावा
एटीएस की जांच के अनुसार, नेटवर्क के कुछ कथित हैंडलर विदेशों में बैठे हैं और इनमें अमेरिका में मौजूद लोगों की भूमिका सामने आई है। पुलिस का दावा है कि ये हैंडलर नेटवर्क से जुड़े लोगों को रहने की जगह, वाहन और पैसे उपलब्ध कराते थे।इसके बाद स्थानीय स्तर पर काम करने वाले आरोपी कथित तौर पर हथियार, नशीले पदार्थ और ड्रग मनी को अलग-अलग स्थानों तक पहुंचाने का काम करते थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं और विदेश में बैठे कथित हैंडलरों से इनका किस तरह संपर्क था।
Narco Terror Network : तकनीकी जांच से नेटवर्क की कड़ियां जुड़ीं
एटीएस ने बताया कि तकनीकी जांच के आधार पर फायरिंग में शामिल एक आरोपी को 15 सितंबर को गिरफ्तार किया गया। इसके बाद हथियारों की सप्लाई से जुड़े नेटवर्क को लेकर भी पुलिस को महत्वपूर्ण जानकारी मिली।जांच में नेटवर्क में कथित तौर पर इंटरमीडियरी की भूमिका निभाने वाले एक आरोपी की पहचान हुई, जिसे 19 सितंबर को लुधियाना से पकड़ा गया। उसे अदालत में पेश करने के बाद पुलिस रिमांड लिया गया और पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की गई।
Narco Terror Network : 529 ग्राम चिट्टा हेरोइन और पिस्टल बरामद
पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी की निशानदेही पर एक सुनसान स्थान से 529 ग्राम चिट्टा हेरोइन की खेप बरामद की गई। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने मादक पदार्थ को अपनी मोटरसाइकिल में छिपाकर रखा था।इसके अलावा आरोपी के ठिकाने की तलाशी में 30 बोर की एक पिस्टल, तीन जिंदा कारतूस और एक कैश काउंटिंग मशीन भी बरामद हुई। मादक पदार्थ की इस बरामदगी को लेकर एटीएस ने अलग से मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
Narco Terror Network : लुधियाना से स्कॉर्पियो समेत अन्य सामान मिला
पुलिस ने आगे की कार्रवाई करते हुए लुधियाना में भी दबिश दी। इस दौरान एक स्कॉर्पियो गाड़ी, एक कैश काउंटिंग मशीन और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य बरामद किए गए।एटीएस ने सभी आरोपियों के मोबाइल फोन भी अपने कब्जे में लेकर तकनीकी जांच शुरू कर दी है। पुलिस इन फोन से कथित नेटवर्क के संपर्कों, लोकेशन, लेन-देन और अन्य डिजिटल जानकारी जुटाने की कोशिश कर रही है।
Narco Terror Network : ड्रोन के जरिए आने वाली नशे और हथियारों की खेप का आरोप
एसपी वरुण सिंगला के अनुसार, प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपी कथित अंतर्राष्ट्रीय नार्को-टेरर नेटवर्क के लिए काम कर रहे थे। पुलिस का कहना है कि नेटवर्क सीमा पार से ड्रोन के माध्यम से पहुंचने वाली मादक पदार्थों और हथियारों की खेप को आगे निर्धारित स्थानों तक पहुंचाने के लिए स्थानीय स्तर पर लोगों का इस्तेमाल करता था।एटीएस के अनुसार, नेटवर्क से जुड़े लोगों को इसके लिए वाहन और धनराशि उपलब्ध कराई जाती थी। इसके बाद स्थानीय स्तर पर कथित सप्लाई चैन के जरिए नशीले पदार्थ, हथियार और अन्य आपत्तिजनक सामग्री आगे पहुंचाई जाती थी।
Narco Terror Network : ड्रग मनी को लेकर भी जांच तेज
मामले में सिर्फ नशीले पदार्थ और हथियारों की बरामदगी ही जांच का हिस्सा नहीं है, बल्कि ड्रग मनी से जुड़े कथित लेन-देन की भी पड़ताल की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपियों तक पैसा किस माध्यम से पहुंचता था और फिर उसे किन लोगों या ठिकानों तक भेजा जाता था।कैश काउंटिंग मशीनों की बरामदगी को भी इसी जांच के संदर्भ में देखा जा रहा है। एटीएस वित्तीय लेन-देन की पूरी कड़ी को खंगालने की तैयारी में है।
Narco Terror Network : हथियारों की सप्लाई और विदेशी संपर्कों की जांच
एटीएस अब इस पूरे नेटवर्क की कथित सप्लाई चेन का पता लगाने में जुटी है। जांच का फोकस हथियारों और मादक पदार्थों के स्रोत, उन्हें पहुंचाने वाले लोगों, वित्तीय लेन-देन और विदेश में मौजूद कथित हैंडलरों से संपर्क पर है।पुलिस आरोपियों के मोबाइल फोन, डिजिटल साक्ष्यों और अन्य तकनीकी जानकारी का विश्लेषण कर रही है। इसके जरिए नेटवर्क की ऊपरी और निचली कड़ियों को जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
Narco Terror Network : आगे और गिरफ्तारियां होने की संभावना
एटीएस के मुताबिक, जांच अभी जारी है और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस ने संकेत दिया है कि मामले में आगे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं तथा अतिरिक्त हथियार, नशीले पदार्थ और अन्य साक्ष्य भी बरामद किए जा सकते हैं।फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर कथित नेटवर्क के विस्तार, उसके संचालन और विदेशों से जुड़े संपर्कों की जानकारी जुटाई जा रही है। एटीएस की विस्तृत जांच के बाद ही इस पूरे नेटवर्क की वास्तविक पहुंच और इसमें शामिल लोगों की संख्या स्पष्ट हो सकेगी।
read more : EWS Reservation Criteria : EWS आरक्षण के नियमों में बदलाव की मांग, भूमि की उत्पादकता और वास्तविक आय को आधार बनाने पर जोर


