Report: Arun kumar
Gorakhpur : उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में जालसाजी का एक अनोखा और गंभीर मामला सामने आया है। खुद को मणिपुर कैडर का आईएएस (IAS) अधिकारी बताकर एक युवक ने न केवल धूमधाम से शादी रचाई, बल्कि लड़की पक्ष से 15 लाख रुपये की मोटी रकम भी ठग ली। कैंट थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस ‘फर्जी अफसर’ को धर दबोचा है।
Gorakhpur इंस्टाग्राम से बुना ठगी का जाल
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी प्रीतम निषाद उर्फ अर्जुन सिंह, जो मूल रूप से इटावा का रहने वाला है, ने इंस्टाग्राम के “निषाद विवाह ग्रुप” का सहारा लिया। उसने खुद को आईएएस अधिकारी बताते हुए अपना फर्जी बायोडाटा साझा किया था। पीड़ित पक्ष जब उसके संपर्क में आया, तो आरोपी ने विश्वास जीतने के लिए फर्जी फोटो और एडिटेड इंटरव्यू वीडियो भेजकर उन्हें गुमराह किया। इसी झांसे में आकर परिजनों ने 20 नवंबर 2025 को सगाई और 11 मार्च 2026 को गोरखपुर के एक होटल में बड़े ही धूमधाम से शादी संपन्न करा दी।
Gorakhpur खर्च के नाम पर वसूली लाखों की रकम
शादी तय होने से लेकर विदाई तक, आरोपी ने अलग-अलग किश्तों में कुल 15 लाख रुपये की मांग की। इसमें से 10 लाख रुपये उसने सगाई और तैयारियों के नाम पर पहले ही ऐंठ लिए थे, जबकि बाकी के 5 लाख रुपये शादी के दिन लिए गए। विदाई के बाद जब दूल्हे की जीवनशैली और दस्तावेजों पर संदेह हुआ, तो परिजनों ने पड़ताल की। हकीकत सामने आते ही उनके पैरों तले जमीन खिसक गई—जिस दामाद को वे बड़ा अफसर समझ रहे थे, वह महज एक शातिर ठग निकला।
Gorakhpur पुलिस की कार्रवाई और बरामदगी
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) के निर्देश पर चलाए गए अभियान के तहत कैंट थाना पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी प्रीतम निषाद को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक मोबाइल फोन, एक सैमसंग टैबलेट और आधार कार्ड बरामद हुआ है, जिनका उपयोग वह ठगी की साजिश रचने में करता था। पुलिस अधीक्षक नगर निमिष पाटील के अनुसार, आरोपी के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है।





