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Swadesh News > देश- विदेश > Baby Elephant : मां ने ठुकराया तो ‘मौसी’ बनी सहारा, नन्ही हथिनी की कहानी ने मनुष्यों को भावुक कर दिया
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Baby Elephant : मां ने ठुकराया तो ‘मौसी’ बनी सहारा, नन्ही हथिनी की कहानी ने मनुष्यों को भावुक कर दिया

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Last updated: April 16, 2026 8:38 pm
By Swadesh News
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Baby Elephant : वॉशिंगटन जू में जन्मी लिन्ह माई बनी सोशल मीडिया सेंसेशन, देखभाल कर रही है ‘आंटी’ स्वर्णा

Baby Elephant : नई दिल्ली/वॉशिंगटन, इस साल की शुरुआत में ‘पंच’ नाम के बंदर की कहानी ने सोशल मीडिया पर लोगों का दिल छू लिया था। अब एक और मासूम जानवर की कहानी तेजी से वायरल हो रही है। इस बार चर्चा में है एशियाई नन्ही हथिनी लिन्ह माई, जिसे जन्म के बाद उसकी मां ने अपनाने से इनकार कर दिया।

Contents
Baby Elephant : वॉशिंगटन जू में जन्मी लिन्ह माई बनी सोशल मीडिया सेंसेशन, देखभाल कर रही है ‘आंटी’ स्वर्णाBaby Elephant : ‘मां जैसी ममता’ दिखा रही स्वर्णाइस कहानी जैसी इस नन्हें बंदर की कहानी है: जानिए मां ने छोड़ा, झुंड ने भी नहीं अपनाया… अब टेडी से लगाकर जी रहा है नन्हा बंदर

लिन्ह माई का जन्म 2 फरवरी को Smithsonian National Zoo में हुआ था। लेकिन जन्म के बाद उसकी मां ने उसके प्रति आक्रामक व्यवहार दिखाया, जिससे उसे अलग करना पड़ा। इसके बाद उसकी देखभाल की जिम्मेदारी ‘आंटी’ स्वर्णा ने संभाली।

Baby Elephant : ‘मां जैसी ममता’ दिखा रही स्वर्णा

जू प्रशासन के अनुसार, स्वर्णा ने पहले कभी बच्चे को जन्म नहीं दिया, फिर भी वह स्वाभाविक रूप से मातृत्व की भूमिका निभा रही है। वह लिन्ह माई को स्नेह भी देती है और धीरे-धीरे उसे स्वतंत्र बनना भी सिखा रही है।

शुरुआत में लिन्ह माई अपने देखभाल करने वाले स्टाफ पर ज्यादा निर्भर थी, क्योंकि वही उसे बोतल से दूध पिलाते थे। लेकिन अब वह स्वर्णा के साथ ज्यादा समय बिताने लगी है और उसके इशारों को समझते हुए चलना सीख रही है।

Baby Elephant : सोशल मीडिया पर छाई लिन्ह माई

लिन्ह माई की मासूमियत ने सोशल मीडिया यूजर्स का दिल जीत लिया है। कई लोग उसकी कहानी से भावुक हो गए हैं। एक यूजर ने लिखा, “यह फिर से ‘पंच’ जैसी स्थिति है, मेरा दिल अब और नहीं सह सकता।”
वहीं कई लोगों ने सवाल उठाया कि आखिर उसकी मां ने उसे क्यों ठुकराया।

Baby Elephant : क्यों छोड़ देती हैं मां अपने बच्चों को?

विशेषज्ञों के मुताबिक एशियाई हाथियों में बच्चों को छोड़ना बेहद दुर्लभ होता है। Joshua Plotnik, जो हाथियों के व्यवहार के विशेषज्ञ हैं, बताते हैं कि ऐसा तब हो सकता है जब मां तनाव में हो या उसे झुंड की सुरक्षा को लेकर खतरा महसूस हो।

Baby Elephant : मां से दूर, लेकिन जिंदगी से भरपूर

जू के अधिकारियों के अनुसार, मां से अलग होने के बावजूद लिन्ह माई पूरी तरह स्वस्थ और चंचल है। उसकी देखभाल करना टीम के लिए चुनौतीपूर्ण जरूर है, लेकिन उतना ही संतोषजनक भी।

Baby Elephant : इंसानों जैसे होते हैं हाथियों के भाव

वैज्ञानिक शोध बताते हैं कि हाथियों की भावनाएं काफी हद तक इंसानों जैसी होती हैं। उनमें अलग-अलग व्यक्तित्व भी होते हैं—कुछ शांत, कुछ मिलनसार और कुछ आक्रामक।
Martin Steltmann के अनुसार, हाथियों का व्यवहार उनके सामाजिक संबंधों और माहौल से प्रभावित होता है।

Baby Elephant : संरक्षण में मिलेगी मदद

विशेषज्ञों का मानना है कि हाथियों के व्यवहार और भावनाओं को समझने से उनके संरक्षण के प्रयासों को और बेहतर बनाया जा सकता है।

इस कहानी जैसी इस नन्हें बंदर की कहानी है: जानिए मां ने छोड़ा, झुंड ने भी नहीं अपनाया… अब टेडी से लगाकर जी रहा है नन्हा बंदर

TAGGED:Asian elephant babybaby elephant Linh Maielephant behavior studyelephant viral storyEmotional animal storyHindi Newsmother rejected calfSmithsonian zoo elephantTODAY NEWSviral animal news
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