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30 जुलाई के बाद फिर भूकंप से कांपी रूस की धरती, जानें क्या है वजह

30 जुलाई के बाद फिर भूकंप से कांपी रूस की धरती, जानें क्या है वजह

रूस में प्राकृतिक आपदाओं की सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा। 30 जुलाई को कमचटका क्षेत्र में आए 8.8 तीव्रता के शक्तिशाली भूकंप के बाद अब फिर से इसी इलाके में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। इस बार रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 6.0 दर्ज की गई है।

कहां आया भूकंप?

  • स्थान: पेट्रोपावलोव्स्क-कमचट्स्की से 108 किलोमीटर दूर
  • समय: स्थानीय समय के अनुसार सुबह 1:57 बजे
  • सूत्र: यूनाइटेड स्टेट्स जियोलॉजिकल सर्वे (USGS)

हालांकि यह भूकंप पहले जितना शक्तिशाली नहीं था, फिर भी इससे क्षेत्र में दहशत फैल गई।


पिछला भूकंप: 8.8 तीव्रता ने मचाई थी तबाही

30 जुलाई को आए भूकंप को दुनिया के टॉप 10 सबसे बड़े भूकंपों में गिना जा रहा है। इसकी तीव्रता 8.8 थी, जो इतना ताकतवर था कि:

  • प्रशांत महासागर के तटीय क्षेत्रों में सुनामी की चेतावनी जारी करनी पड़ी।
  • जापान, अमेरिका और चिली तक के समुद्री इलाकों में अलर्ट जारी हुआ।
  • हजारों लोग असुरक्षित स्थानों से निकाले गए।

ज्वालामुखी भी हुए सक्रिय: धरती के भीतर मचा कोहराम

क्लुचेव्स्काया ज्वालामुखी फटा

इस भूकंप के कुछ ही घंटों बाद, रूस के सुदूर पूर्व में स्थित क्लुचेव्स्काया ज्वालामुखी में जबरदस्त विस्फोट हुआ। ये ज्वालामुखी लगातार लावा उगल रहा है, जिससे स्थानीय लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।

600 साल बाद फटा क्रशेनिनिकोव ज्वालामुखी

और हैरानी की बात यह है कि 600 साल बाद पहली बार क्रशेनिनिकोव ज्वालामुखी में भी विस्फोट हुआ।

  • ऊंचाई: 1856 मीटर
  • राख का गुबार: 6000 मीटर की ऊंचाई तक फैल गया
  • स्थान: कामचटका प्रायद्वीप

वैज्ञानिकों के अनुसार, यह ज्वालामुखी विस्फोट हाल ही में आए 8.8 तीव्रता वाले भूकंप से जुड़ा हो सकता है।


क्यों हो रही है पृथ्वी की गहराई में हलचल?

एक के बाद एक भूकंप और ज्वालामुखी विस्फोट यह संकेत दे रहे हैं कि रूस के कमचटका क्षेत्र में टेक्टोनिक प्लेट्स तेजी से सक्रिय हो रही हैं। वैज्ञानिक यह मानते हैं कि आने वाले दिनों में इस क्षेत्र में और झटके महसूस हो सकते हैं।


लोगों को क्यों रहना चाहिए सतर्क?

  • सुनामी अलर्ट की स्थिति कभी भी बन सकती है
  • भूकंप के झटके अब सामान्य होते जा रहे हैं
  • ज्वालामुखी विस्फोटों के कारण वातावरण में विषैली गैसें और राख फैल सकती हैं
  • स्थानीय निवासियों और यात्रियों को प्रशासन की सलाह का पालन करना चाहिए

रूस के लिए खतरे की घंटी?

लगातार भूकंप और ज्वालामुखी विस्फोट यह संकेत दे रहे हैं कि कमचटका क्षेत्र एक संवेदनशील भूकंपीय ज़ोन बनता जा रहा है। यह न केवल रूस के लिए बल्कि पूरे प्रशांत क्षेत्र के लिए एक चेतावनी हो सकती है।

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