Indore Ek Ped Maa Ke Naam Campaign मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर ने स्वच्छता के बाद अब पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में भी एक नया कीर्तिमान स्थापित करने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। देशव्यापी ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के अंतर्गत इंदौर के बुढानिया क्षेत्र में स्थित 48 एकड़ की विशाल पहाड़ी पर एक भव्य मेगा पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस महाअभियान का शुभारंभ मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खुद पौधारोपण कर किया। इस विशेष अभियान के तहत आज एक ही दिन में रिकॉर्ड 51 हजार पौधे रोपे जा रहे हैं, जो इंदौर को हरा-भरा बनाने में मील का पत्थर साबित होंगे।
Indore Ek Ped Maa Ke Naam Campaign 21 लाख पौधारोपण और 51 हजार वॉटर हार्वेस्टिंग यूनिट के महा-लक्ष्य का हिस्सा
Indore Ek Ped Maa Ke Naam Campaign यह भव्य कार्यक्रम इंदौर को पर्यावरण के मामले में आत्मनिर्भर और समृद्ध बनाने के लिए चलाए जा रहे एक व्यापक मास्टर प्लान का हिस्सा है। दरअसल, शहर में कुल 21 लाख पौधे लगाने और जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए 51 हजार वर्षा जल संचयन (Water Harvesting) यूनिट स्थापित करने का एक विशाल महाअभियान चलाया जा रहा है। बुढानिया की पहाड़ी पर हुआ यह कार्यक्रम इसी कड़ी का सबसे प्रमुख और बड़ा केंद्र बनकर उभरा है, जहां रोपे गए पौधों की सुरक्षा और सिंचाई के लिए भी कड़े इंतजाम किए गए हैं।
Indore Ek Ped Maa Ke Naam Campaign दिग्गजों का जमावड़ा: सीएम ने लगाया संतरा, तो हेमंत खंडेलवाल ने रोपा आम का पौधा
बुढानिया पहाड़ी पर आयोजित इस वीआईपी कार्यक्रम में मध्य प्रदेश बीजेपी और सरकार के कई दिग्गज चेहरे एक साथ फावड़ा और पौधा थामे नजर आए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपनी माता जी की स्मृति में संतरे का पौधा लगाया, वहीं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने आम का पौधा रोपकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री प्रहलाद पटेल, वरिष्ठ नेता कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, इंदौर के महापौर पुष्यमित्र भार्गव, भाजपा जिला अध्यक्ष श्रवण सिंह चावड़ा और सांसद शंकर लालवानी सहित कई जनप्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक श्रमदान किया और पौधे लगाए।
Indore Ek Ped Maa Ke Naam Campaign ‘मां के नाम’ का अनोखा भावुक संदेश, पौधों के पास लगाए माताओं के पोस्टर
इस पूरे आयोजन की सबसे अनूठी और भावुक कर देने वाली विशेषता यह रही कि कार्यक्रम में शामिल सभी राजनेताओं, अधिकारियों और गणमान्य नागरिकों ने जो पौधे लगाए, ठीक उनके बगल में अपनी-अपनी माताओं के सुंदर पोस्टर और नाम की पट्टिकाएं भी स्थापित कीं। वन विभाग और नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि इस भावनात्मक जुड़ाव के पीछे का मुख्य उद्देश्य यह है कि लोग इन पौधों को केवल एक सरकारी अभियान न समझें, बल्कि अपनी मां की तरह ही इन पौधों की देखभाल और परवरिश करने का संकल्प लें, ताकि भविष्य में ये पौधे एक घने जंगल का रूप ले सकें।





