रिपोर्ट: अजीत कुमार ठाकुर
Raghopur Railway Station Accident Woman Death बिहार के सुपौल जिले के राघोपुर रेलवे स्टेशन परिसर से बुधवार को एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है। यहाँ गंगा स्नान के लिए जाने के दौरान ट्रेन पकड़ने की कोशिश कर रही एक 41 वर्षीय महिला का पैर पायदान से फिसल गया, जिससे वह सीधे ट्रेन की चपेट में आ गईं। इस भीषण हादसे में महिला के दोनों हाथ गंभीर रूप से कट गए और अस्पताल में इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। इस असामयिक मौत से पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
Raghopur Railway Station Accident Woman Death गंगा स्नान के लिए बेटे के साथ जा रही थीं सुनीता देवी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतका की पहचान राघोपुर निवासी 41 वर्षीय सुनीता देवी के रूप में हुई है। बुधवार को वह अपने बेटे के साथ गंगा स्नान के लिए जाने के उद्देश्य से राघोपुर रेलवे स्टेशन पहुंची थीं। जैसे ही ट्रेन स्टेशन पर आई, वैसे ही ट्रेन में चढ़ने के क्रम में अत्यधिक भीड़भाड़ के कारण उनका हाथ पायदान (फुटबोर्ड) से फिसल गया। वह अपना संतुलन खो बैठीं और सीधे चलती ट्रेन के नीचे आ गिरीं।

Raghopur Railway Station Accident Woman Death स्टेशन पर मची अफरा-तफरी, सदर अस्पताल में इलाज के दौरान तोड़ा दम
Raghopur Railway Station Accident Woman Death प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि हादसा इतना अचानक और भयानक था कि स्टेशन परिसर में चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय यात्रियों और रेलवे कर्मचारियों ने तत्परता दिखाते हुए गंभीर रूप से लहूलुहान सुनीता देवी को तुरंत पटरी से बाहर निकाला और राघोपुर अनुमंडलीय अस्पताल पहुंचाया।
- सदर अस्पताल रेफर: अनुमंडलीय अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद उनकी अत्यधिक गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें सुपौल सदर अस्पताल के लिए रेफर कर दिया।
- उपचार के दौरान मौत: परिजन उन्हें लेकर तुरंत सदर अस्पताल पहुंचे, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। अस्पताल में इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।
Raghopur Railway Station Accident Woman Death 10 साल पहले उठ चुका था पति का साया, मायके में रह रही थी मृतका
सुनीता देवी के निधन की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि सुनीता देवी के जीवन में पहले ही काफी संघर्ष था; उनके पति का लगभग 10 वर्ष पूर्व ही निधन हो चुका था। पति की मृत्यु के बाद से वह अपने मायके राघोपुर में ही रहकर जैसे-तैसे अपना जीवनयापन कर रही थीं। उनके इस तरह चले जाने से उनके बच्चों और मायके परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
जीआरपी पुलिस की कार्रवाई: घटना के संबंध में जीआरपी (GRP) थाना प्रतापगंज के पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कागजी कार्रवाई करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। इस घटना ने एक बार फिर त्योहारों और विशेष दिनों में रेलवे स्टेशनों पर उमड़ने वाली भीड़ और यात्रियों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।





