Hindi Song: ‘झुमका गिरा रे… बरेली के बाजार में’ सुनते ही फिल्म मेरा साया की साधना और आशा भोंसले की आवाज़ जहन में गूंजने लगती है। यह गाना दशकों बाद भी उतना ही लोकप्रिय है, लेकिन इसके बनने के पीछे की कहानी और भावनाएं बहुत कम लोग जानते हैं। यह सिर्फ एक फिल्मी गीत नहीं, बल्कि एक सच्ची प्रेम कहानी की उपज है।
Hindi Song: नए जमाने में पुरानी धुन

हाल ही में फिल्म रॉकी और रानी की प्रेम कहानी में इस गाने के नए वर्जन ‘व्हाट झुमका’ के जरिए इसे श्रद्धांजलि देने की कोशिश की गई है। भले ही नया संस्करण कितना सफल रहा हो, लेकिन इससे इस ऐतिहासिक गीत की यादें फिर ताजा हो गईं।
Hindi Song: सुनिए पूरा गाना
Hindi Song: बरेली बना ‘झुमका’ के लिए मशहूर
इस गाने की लोकप्रियता इतनी अधिक थी कि जो बरेली कभी सिर्फ सूरमे के लिए जाना जाता था, वहीं आज ‘झुमका चौराहा’ भी मौजूद है। यह चौक इसी गीत की स्मृति में नामित किया गया था, जो इसकी सांस्कृतिक विरासत को दर्शाता है।
Hindi Song: असली कहानी की शुरुआत

यह किस्सा उस दौर का है जब देश का बंटवारा नहीं हुआ था। गीतकार राजा मेहदी अली खान, तेजी सूरी और हरिवंश राय बच्चन करीबी मित्र थे। राजा मेहदी अक्सर काम के सिलसिले में बरेली आते थे, जबकि हरिवंश राय बच्चन और तेजी सूरी की प्रेम कहानी भी यहीं से शुरू हुई।
Hindi Song: हरिवंश राय बच्चन और तेजी सूरी की मुलाकात

करीब 80 साल पहले, जब हरिवंश राय बच्चन अपनी पत्नी और पिता को खोने के बाद अकेलेपन से जूझ रहे थे, वे अपने मित्र प्रोफेसर ज्योति प्रकाश के घर नए साल की पार्टी में पहुंचे। वहीं उनकी मुलाकात तेजी सूरी से हुई। हालांकि तेजी की सगाई पहले ही हो चुकी थी, लेकिन दोनों के बीच भावनात्मक जुड़ाव गहरा हो गया।
Hindi Song: प्यार का इजहार और अलगाव
पार्टी में हरिवंश राय बच्चन ने कविता सुनाई, जिसे सुनकर तेजी भावुक हो गईं। दोनों की भावनाएं देखकर प्रोफेसर ज्योति प्रकाश ने उन्हें अकेला छोड़ दिया। यहीं दोनों ने एक-दूसरे के प्रति अपने प्रेम का एहसास किया। बाद में तेजी लाहौर चली गईं और हरिवंश इलाहाबाद लौट आए, लेकिन उनकी प्रेम कहानी मशहूर हो गई।
Hindi Song: ‘झुमका’ की पंक्ति कैसे बनी गीत

एक कार्यक्रम में राजा मेहदी साहब ने तेजी सूरी से पूछा कि वे कब शादी करेंगी। इस पर तेजी ने मुस्कुराते हुए कहा, “मेरा झुमका तो बरेली के बाजार में ही गिर गया था।” इसका मतलब था कि वह अपना दिल पहले ही हरिवंश राय बच्चन को दे चुकी थीं। यह पंक्ति राजा मेहदी साहब के मन में बस गई।
Hindi Song: ऐसे जन्मा अमर गीत
सालों बाद जब राजा मेहदी को फिल्म मेरा साया के लिए बरेली की पृष्ठभूमि पर प्रेम गीत लिखने का मौका मिला, तो उन्होंने तुरंत यही लाइन इस्तेमाल की- और यूं बन गया ऐतिहासिक गीत ‘झुमका गिरा रे… बरेली के बाजार में’।





